शाहजहांपुर। प्रथम अपर सत्र न्यायाधीश आशीष वर्मा ने पत्नी की हत्या के एक मुकदमे में दोषी को सात वर्ष के कारावास की सजा सुनाई है। इसी मुकदमे में आरोपी सास को साक्ष्य के अभाव में बरी कर दिया गया।
अभियोजन पक्ष के अनुसार हरदोई के सुरसा थाना क्षेत्र के गांव सूरापुर निवासी राजवती ने दस जुलाई 2016 को सेहरामऊ दक्षिणी थाने में एफआईआर दर्ज कराई थी। राजवती ने बताया था कि उसने अपनी बेटी सीमा की शादी सेहरामऊ दक्षिणी क्षेत्र के गांव डींगुरपुर निवासी राजीव से 11 फरवरी 2015 को की थी। बेटी के ससुराल वाले दहेज से संतुष्ट नहीं थे। सीमा के ससुराल के लोग उससे मारपीट करते थे।
नौ जुलाई 2016 को राजीव और उसके परिजनों ने उसकी बेटी सीमा को मार डाला। पुलिस ने विवेचना के बाद पति राजीव और सास सुशीला देवी के खिलाफ आरोपपत्र अदालत भेजा। अदालत में मुकदमा चलने के दौरान गवाहों के बयानात और साक्ष्यों के आधार पर अपर सत्र न्यायाधीश ने राजीव को दोषी पाते हुए सात वर्ष के कारावास की सजा सुनाई। आरोपी सास को साक्ष्य के अभाव में बरी कर दिया।