जमीन विवाद से जुड़ा है मामला
उन्होंने बताया कि उनके बाबा हजारा सिंह की जमीन को एक व्यक्ति ने धोखे से अपने नाम करा लिया। आज तक उनको हिस्सा नहीं मिला। बैनामा कराने के बाद उसने चक रोड पर भी कब्जा कर लिया। लेखपाल की मिलीभगत से कोई कार्रवाई नहीं हो रही। एक आरोप यह भी लगाया कि उनके मकान की ओर सीसीटीवी कैमरा लगाकर उनकी निजता भंग की जा रही है। रुपये जमा करने के बाद भी उनके पुत्र अविदीप के नाम नलकूप कनेक्शन नहीं किया जा रहा।
बलजीत ने प्रार्थनापत्र देने के कुछ देर बाद जेब से पुड़िया निकालकर सफेद पाउडर खा लिया और जोर-जोर से जहर खाने की बात कहने लगे। इस पर पुलिस ने उन्हें पकड़कर पुड़िया में बचा पाउडर छीन लिया। अस्पताल में भर्ती कराने के बाद बलजीत सिंह के परिजनों को सूचना दी गई।