गांव पिपरिया भागवंत के रामऔतार के पास से 40 हजार रुपये की लूट नहीं हुई थी। लूट के प्रयास के दौरान विरोध करने और शोर मचा देने पर बदमाश भाग निकले थे। रामऔतार ने शनिवार को खुद की लूट का खंडन करते हुए कहा कि उसने लोगों के कहने पर रिपोर्ट दर्ज करा दी थी।
गौरतलब है कि रामऔतार ने शुक्रवार को दर्ज कराई रिपोर्ट में बताया था कि वह अपने पुत्र छोटे के साथ खुटार की बड़ौदा पश्चिमी ग्रामीण बैंक से 40 हजार रुपये लेकर घर जा रहा था। सिल्हुआ मार्ग पर दो बाइक से आए चार बदमाशों ने उसे तमंचे की बट मारकर घायल करने के बाद रुपये लूट लिए। पुलिस ने अज्ञात बदमाशों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर ली थी।
थानाध्यक्ष इफ्तेखार अहमद ने बताया कि जांच के दौरान पता चला कि शुक्रवार दोपहर लूट की बात कहने वाले रामऔतार ने शाम को 32 हजार रुपये की भैंस खरीदी। भैंस बेचने वाले से बात की गई तो उसने बताया कि रामऔतार ने नगद 32 हजार रुपये देकर भैंस ली है। शक होने पर रामऔतार से रुपयों के बाबत पूछताछ की गई तो उसने सच्चाई बयान कर दी। रामऔतार ने बताया कि बदमाशों ने लूट का प्रयास किया तो उसने पुत्र सहित शोर मचा दिया, इस पर बदमाश हड़बड़ा गए और बिना लूट किए भाग निकले। गांव पहुंचने पर कुछ लोगों ने उससे लूट की रिपोर्ट दर्ज कराने को कहा, जिस पर उसने रिपोर्ट दर्ज करा दी। बैंक से निकाले गए रुपयों में 32 हजार से उसने भैंस खरीदी है। लूट प्रकरण का पटाक्षेप हो जाने पर पुलिस ने चैन की सांस ली है।