शाहजहांपुर। भारतीय किसान यूनियन भानु गुट के कार्यकर्ताओं ने सोमवार को पहले कलक्ट्रेट गेट और बाद में पीडब्ल्यूडी गेस्ट हाउस तिराहे पर धरना दिया। डीएम आवास की ओर बढ़ने पर पुलिस ने गिरफ्तार करने का प्रयास किया तो लखनऊ कूच करने का ऐलान कर दिया और पुलिस के रोकने पर जिला पंचायत गेट के बाहर रोड पर धरना दे दिया। हालांकि, वहां पहुंचे अधिकारियों ने उनसे वार्ता कर समझाया तो कार्यकर्ता धरना स्थल पर लौट गए।
चीनी मिलों से बकाया गन्ना मूल्य का भुगतान कराने, बीज अनुदान की धनराशि किसानों के खातों मेे भेजने, धान की सरकारी खरीद में धांधली की उच्चस्तरीय जांच कराने, यूनियन के वरिष्ठ जिला उपाध्यक्ष श्याम किशोर अग्निहोत्री पर दर्ज फर्जी रिपोर्ट रद्द कर जानलेवा हमला करने वालों पर कार्रवाई आदि मांगों को लेकर कई बार ज्ञापन दिए। एक दिसंबर से जीआईसी ग्राउंड पर तंबू-शामियाना लगाकर धरना शुरू कर दिया।
धरना स्थल पर पंचायत कर डीएम का घेराव करने के इरादे से जिलाध्यक्ष महेंद्र पाल सिंह यादव के नेतृत्व में कार्यकर्ता कलक्ट्रेट की ओर बढ़ चले। उनकेे कहना था कि डीएम खुद आकर मिलें या फिर वह लोग उनके आवास पर जाएंगे। पुलिस की रोक-टोक के बीच यूनियन कार्यकर्ताओं ने आगे बढ़कर पीडब्ल्यूडी तिराहे के पास धरना दे दिया। उन्हें गिरफ्तार करने के इरादे से पुलिस ने अपने वाहनों के दरवाजे खोले तो कार्यकर्ता मुख्यमंत्री आवास लखनऊ कूच करने के बहाने आगे चल दिए और जिला पंचायत गेट के पास पहुंच गए।
वहां पुलिस ने रोक-टोक की तो कार्यकर्ता फिर धरना पर बैठ गए। इस बीच, वहां एडीएम प्रशासन रामसेवक द्विवेदी और एएसपी संजीव वाजपेयी पहुंच गए और उनसे वार्ता कर मांगों का जल्द निस्तारण कराने का भरोसा दिया। इस पर कार्यकर्ता धरना स्थल पर लौट गए। वहां मौजूद यूनियन के जिलाध्यक्ष समेत जिला महामंत्री राशिराम वर्मा, जगदीश चंद्र, श्रवण कुमार, हरपाल सिंह, रघुवीर सिंह कमल, बनवारी लाल आदि का कहना है कि वायदे के मुताबिक अधिकारियों ने मांगों पर जल्द ध्यान नहीं दिया तो वह रात में ही लखनऊ कूच कर जाएंगे।