शाहजहांपुर/ पुवायां। खुटार पुलिस को सोमवार रात बड़ी कामयाबी हासिल हुई। पुलिस अंतरजनपदीय गैंग का खुलासा कर सरगना समेत 12 सदस्यों को गिरफ्तार कर लिया। उनके पास 1.30 क्विंटल गांजा बरामद हुआ, जिसकी कीमत 50 लाख रुपये बताई जा रही है। इसके अलावा 15 क्विंटल भांग बरामद हुई, जिसकी कीमत 50 हजार रुपये हैं।
पुलिस लाइन में प्रेस कांफ्रेंस के दौरान एसपी एस. आनंद ने बताया कि एएसपी ग्रामीण अपर्णा गौतम को सूचना मिली थी कि खुटार थाना क्षेत्र में लखीमपुर बार्डर पर कठिना नदी के पुल के नीचे बाराबंकी के नशे से धंधे से जुड़े गैंग के लोग भारी मात्रा में गांजा, भांग आदि लाकर उसमें केमिकल मिलाकर क्षेत्र में बिक्री करते हैं। भांग को लाइसेंस वाली कुछ दुकानों के सेल्समैनों की मिलीभगत से बेचा जा रहा है। एसपी ने खुटार पुलिस को मामले में कार्रवाई के निर्देश दिए थे। एएसपी के निर्देशन में सोमवार रात पुलिस ने गैंग के सरगना रितेश कुमार को तिकुनियां चौराहे से गोला मार्ग पर कार सहित पकड़ लिया गया। तलाशी लेने पर कार से एक क्विंटल गांजा और 50 हजार रुपये बरामद किए गए। रितेश से पूछताछ के बाद कठिना नदी के पुल के नीचे से 11 लोगों को पकड़ लिया गया। मौके से 30 किलो गांजा, 15 क्विंटल भांग, दस मोबाइल बरामद किए गए। मामले की सूचना नारकोटिक्स विभाग को भी दी गई है। आरोपियों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर कोर्ट में पेश किया गया, जहां से उन्हें जेल भेज दिया गया है। पुलिस टीम में एसओ जयशंकर सिंह भी रहे।
एलएलबी का छात्र है सरगना, करोड़ों की संपत्ति की है अर्जित
पुवायां। गिरोह का सरगना रितेश कुमार बाराबंकी के टीआरसी कॉलेज से एलएलबी पांचवें सेमेस्टर का छात्र है। वह युवकों का पांच से सात हजार रुपये में नौकरी पर रखता था और पान की दुकानों, भांग की दुकानों पर भांग, गांजा सप्लाई कराते थे। जो युवक काम छोड़ने की बात कहते थे, उनको पुलिस से पकड़वा देने की धमकी दी जाती थी। सरगना ने गांजा, भांग की तस्करी से करोड़ों की संपत्ति अर्जित कर रखी है। कई महानगरों में मकान बना रखे हैं और लग्जरी गाड़ियां रखता है। पुलिस सरगना की संपत्ति की जानकारी कर रही है। वह पहले भी जेल जा चुका है। पकड़े गए आरोपी बरेली, पीलीभीत, लखीमपुर, हरदोई, सीतापुर व लखनऊ में गांजा भांग सप्लाई करते थे।
ये हुए गिरफ्तार
गांजा, भांग तस्कर गिरोह के लिए काम रहे लोगों में सरगना बाराबंकी के निवासी रितेश जायसवाल, अमरेश यादव, श्रीकिशन यादव, राधेश्याम रावत, शिवम वर्मा, दीपक यादव, ब्रजेश यादव, रामतेज सिंह, सूबेदार कश्यप, रामजीत वर्मा, महेंद्र कुमार वर्मा, सर्वेश रावत को जेल भेजा गया है। सभी बाराबंकी के रहने वाले हैं। आरोपी काफी समय से नशीले पदार्थी की तस्करी का काम कर रहे थे। बाराबंकी के ही दिनेश जायसवाल और मुकेश जायसवाल गिरोह के लोगों को गांजा, भांग सप्लाई करते हैं। दोनों की तलाश की जा रही है।