संतकबीरनगर। शहर में पुरानी पाइपलाइन को बदले जाने और सीमा विस्तारित क्षेत्र में हर घर स्वच्छ पानी पहुंचाने की योजना अधूरी रह गई। 100 करोड़ खर्च कर शुरू की गई यह परियोजना मार्च 2025 में पूरी होनी थी, मगर अब इसे पूरा करने के लिए जिम्मेदारों ने दिसंबर तक की मोहलत मांगी है। ऐसे में इस गर्मी लोगों को पीने के पानी की परेशानी को लेकर जूझना पड़ेगा।
शहर की आबादी करीब एक लाख है जो 25 वार्डों में बंटी हुई है। सभी वार्डों के हर घर तक स्वच्छ पेयजल उपलब्ध कराने के लिए नगर पालिका प्रशासन और जल निगम शहरी ने 100 करोड़ का प्रस्ताव तैयार किया था, जिसकी मंजूरी मिल चुकी है। इसके साथ ही पाइपलाइन बिछाने का काम चल रहा है।
इसके साथ ही औद्योगिक नगर में एक ओवरहेड टैंक का निर्माण कराया गया है। वर्तमान में इस परियोजना की स्थिति यह है कि अभी तक पुरानी पाइ लाइनों को बदला नहीं गया है, जिसके कारण ज्यादातर पाइप में लीकेज हो रहा और लोगों के घरों में प्रदूषित पानी की सप्लाई हो रही है, जबकि सीमा विस्तारित क्षेत्रों की स्थिति यह है कि उस्का कला, बंजरिया, बरदहिया बाजार, बनियाबारी सहित विभिन्न मोहल्लों में पाइपलाइन बिछाई गई है, जबकि औद्योगिक नगर में भी इसका कार्य चल रहा है। जिस रफ्तार से कार्य हो रहा है, इससे गर्मी में परियोजना पूर्ण होती नहीं दिख रही है। इससे लोगों को पानी का संकट झेलना पड़ सकता है।