शहर में शामिल क्षेत्रों में सफाई व्यवस्था बदहाल
- ब्लॉक से लगाए गए कर्मी हटे तो बिगड़ी व्यवस्था
- कहीं नहीं रखे गए कूड़ेदान, जगह-जगह गंदगी
संवाद न्यूज एजेंसी
संतकबीरनगर। नगर पालिका परिषद खलीलाबाद की सीमा में आए क्षेत्रों में सफाई व्यवस्था बदहाल है। इन क्षेत्रों में न तो सफाईकर्मी दिखाई दे रहे हैं और न ही कहीं कूड़ेदान रखे गए हैं। सफाई नहीं होने से जगह-जगह कूड़ा बिखरा पड़ता रहता है।
शासन ने एक अक्तूबर 2020 को नगर पालिका परिषद खलीलाबाद सीमा का विस्तार करते हुए आसपास के गांवों को पालिका क्षेत्र में शामिल करा दिया। इसमें डीघा, कसैला, बेलवनिया, गौसपुर, बनियाबारी, पटखौली, सरैया, मिश्रौलिया, नेदुला, सरौली, बड़गों, खटौली, मैलानी, मोहद्दीपुर, सादिकगंज और उस्का खुर्द शामिल हैं। इन गांवों में पूर्व में ब्लॉक स्तर से लगाए गए सफाई कर्मियों को वहां से हटाकर ब्लॉक से संबद्ध कर दिया गया और इन क्षेत्रों के सफाई की जिम्मेदारी नगर पालिका परिषद खलीलाबाद को सौंप दी गई है। पालिका की सीमा में आने के बाद इन क्षेत्रों की सफाई व्यवस्था पूरी तरह से चौपट हो गई है। पालिका प्रशासन के दावे के बावजूद भी इन क्षेत्रों में सफाईकर्मी दिखाई नहीं दे रहे हैं। इन क्षेत्रों में कही भी कूड़ेदान नहीं है। लोग घरों से निकलने वाला कूड़ा सड़क पर ही फेंक दे रहे हैं। जिससे गंदगी फैल रही है।
इधर पालिका प्रशासन की दिक्कत यह है कि पूर्व में घर-घर कूड़ा एकत्र करने की योजना कोरोना के चलते ठप है। जो कर्मी वार्डों में लगाए गए हैं वह शिफ्टों में काम कर रहे हैं लेकिन पालिका की सीमा में आए क्षेत्रों में जाने से सफाई कर्मी कतरा रहे हैं। डीघा क्षेत्र के निवासी राधेश्याम, संजय कुमार आदि ने कहा कि पूर्व में गांवों में सफाई कर्मी तैनात थे तो नियमित रूप से सफाई हो जाती थी लेकिन अब सफाई कर्मी दिखते ही नहीं है। ईओ सुरेश मौर्य ने कहा कि सफाई कर्मियों को पालिका सीमा में आए क्षेत्रों में सफाई के लिए लगाया गया है। कहीं पर दिक्कत है तो इस पर ध्यान दिया जाएगा और क्षेत्रों में सफाई व्यवस्था सुनिश्चित कराई जाएगी।