हैंसर। एसडीएम ने मंगलवार को धनघटा तहसील के कोटेदारों की बैठक तहसील सभागार में की। इसमें एसडीएम ने कोटेदारों को घटतौली न करने अधिक रेट न लेने और समय से वितरण करने की हिदायत दी। तो कोटेदार भी अपनी समस्या से उन्हें अवगत कराए।
एसडीएम इंद्रभान तिवारी ने कहा कि कोटेदारों की शिकायत प्रशासन से लगायत शासन तक बढ़ती जा रही है। इसे रोकने के लिए कोटेदारों को अपनी जिम्मेदारी का निर्वहन ईमानदारी के साथ करना चाहिए।
शासन द्वारा निर्धारित मानक के तहत कोटेदार राशन का वितरण करें और नियमों का पालन करें तो इस तरह की शिकायतें बंद हो जाएगी। एसडीएम ने कोटेदारों को हिदायत देते हुए कहा कि यदि आदत में सुधार नहीं लाए तो सजा भुगतने के लिए तैयार रहें।
कोटेदार पर कार्रवाई केे लिए गांववालों ने एसडीएम को घेरा
हैंसर। क्षेत्र के फुलुई गांव के लोग मंगलवार को धनघटा तहसील पर पहुंच कर एसडीएम के कक्ष में जाकर उनको घेर लिए। गांव के लोगों का कहना था कि कोटेदार राशन वितरण में मनमानी कर रहा है। जिसकी शिकायत यहां पर दो-दो बार की गई।
इसके बाद भी अभी तक जांच करने गांव में कोई नहीं पहुंचा। जब तक कार्रवाई नहीं होगी तब तक यहां से नहीं जाएंगे। ग्रामीण सुनील, महेंद्र, पानमती, कलावती, सावित्री, भोला, सुभाष, रामजियावन आदि का कहना था कि कोटेदार राशन नहीं देता है।
इसकी शिकायत पहले भी की गई पर अधिकारियों ने कोई कार्रवाई नहीं किया। एसडीएम के समझाने के बाद भी गांववाले नहीं माने तो उन्होंने फोन करके पुलिस को बुला लिया। पुलिस कर्मी भी गांववालों को मनाने में जुट गए।
एसडीएम ने जल्द कार्रवाई का आश्वासन दिया तब जाकर गांववाले माने। लेकिन गांववालों ने कहा कि एक सप्ताह के भीतर जांच करके कोटेदार को दंडित नहीं किया गया तो तहसील पर डेरा डाल दिया जाएगा।