मेंहदावल। राप्ती नदी का जलस्तर तेजी से नीचे आ रहा है। इससे जहां विभागीय अधिकारियों ने राहत की सांस ली है, लेकिन पानी उतरने से मिट्टी की कटान को लेकर ग्रामीण डरे हुए हैं। मंगलवार को राप्ती का जलस्तर शाम पांच बजे 79.82 मीटर पर था। इसके जलस्तर में छह सेंटीमीटर की गिरावट दर्ज की गई। जलस्तर नीचे आने से तटबंध से सटे गांव के लोग भी राहत महसूस कर रहे हैं।
मेंहदावल क्षेत्र में स्थित राप्ती नदी के जलस्तर में लगातार गिरावट हो रही है। जहां मंगलवार को राप्ती का जलस्तर 79.82 मीटर पर था। छह सेंटीमीटर की जलस्तर में कमी आई थी वहीं बुधवार को 79.55 मीटर पर आ गया। इसमें 33 सेंटीमीटर गिरावट दर्ज की गई। फिर भी नदी का जलस्तर अभी लाल निशान से पांच सेंटीमीटर ऊपर बह रही है। लगातार जलस्तर में कमी आने से जहां विभागीय अधिकारी राहत महसूस कर रहे हैं, वहीं तटबंध से सटे गांव के लोग भी राप्ती नदी के जलस्तर में कमी आने से मिट्टी की कटान को लेकर अब भी डरे-सहमे हुए हैं। ड्रेनेज खंड द्वितीय के सहायक अभियंता राम उजागिर लाल का कहना है कि पहाड़ तथा मैदानी क्षेत्र में बरसात बंद होने से राप्ती नदी के जलस्तर में भी गिरावट देखी जा रही है। अब तक नदी का जलस्तर 33 सेंटीमीटर नीचे आया है। दो से तीन दिन में नदी का जलस्तर नीचे आ जाएगा।
वर्तमान समय में राप्ती का जलस्तर 79.55 मीटर पर है। लाल निशान से मात्र पांच सेंटीमीटर जलस्तर ऊपर होने के बाद भी तटबंध पूरी तरह सुरक्षित है। एहतियातन तटबंध तथा जलस्तर की लगातार निगरानी कराई जा रही है।