50 लाख की शराब मामले में गोदाम मालिक भेजे गए जेल
एक दिसंबर को इंडस्ट्रियल एरिया खलीलाबाद से पकड़ी गई थी हरियाणा निर्मित 50 लाख की शराब
अमर उजाला ब्यूरो
संतकबीरनगर। एक माह पूर्व इंडस्ट्रियल एरिया खलीलाबाद से पकड़ी गई हरियाणा निर्मित 50 लाख की शराब के मामले में शुक्रवार को पुलिस ने प्लाट मालिक एवं प्रभा सेवा समिति के डॉयरेक्टर वैभव चतुर्वेदी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया।
एक दिसंबर 2019 को पुलिस टीम ने इंडस्ट्रियल एरिया में प्लाट संख्या ई-22 में भंडारित और एक कंटेनर व टैंकर से हरियाणा निर्मित 50 लाख रुपये की शराब बरामद की थी। पुलिस ने मौके से छह आरोपियों को पकड़कर जेल भेजा था। पूछताछ में आरोपियों ने गैंग के सरगना थाना मीरका, जनपद हिसार, हरियाणा निवासी सुरेश सोनी और सहयोगी पिंटू का नाम बताया था। विवेचना में प्रकाश में आए मकान नंबर 51, जगरामबास-24स थाना बाढ़डा जिला चरखी, दादरी, हरियाणा निवासी आरोपी विकास श्योराण उर्फ विकास चौधरी को 14 दिसंबर को पुलिस हरियाणा से गिरफ्तार कर रिमांड पर जिले में लाई थी।
एसपी ब्रजेश सिंह के मुताबिक विवेचना से सामने आया कि प्लाट संख्या ई-22 प्रभा सेवा समिति के नाम आवंटित है। प्रभा भवन मुखलिसपुर रोड, खलीलाबाद निवासी वैभव चतुर्वेदी इसके डॉयरेक्टर हैं। आरोपी विकास से पूछताछ में पता चला था कि उसने 100 रुपये के स्टॉप पेपर पर 25 हजार रुपये महीने पर 23 जुलाई 2019 को प्लाट संख्या ई-22 कोनी निवासी हरिशंकर सिंह वास्ते वैभव चतुर्वेदी से किराए पर लिया था। इस मामले में हरिशंकर को भी 15 दिसंबर को जेल भेज दिया गया था। उधर, विवेचना के दौरान प्लाट संख्या ई-22 के मालिक वैभव चतुर्वेदी का नाम भी प्रकाश में आया। उनके प्लाट का किरायानामा भी वैध नहीं है। उनकी समिति के नाम आवंटित प्लाट संख्या ई-22 में भंडारित शराब के मामले में उन्हें आरोपी बनाते हुए जेल भेज दिया गया है। दो अन्य आरोपियों सुरेश सोनी और पिंटू की गिरफ्तारी के लिए पुलिस लगी है।
कोट
राजनीतिक साजिश के तहत फंसाया गया है। उनकी छवि को धूमिल करने की कोशिश करने वाले अपने मंसूबे में कामयाब नहीं होंगे।
वैभव चतुर्वेदी, डॉयरेक्टर, प्रभा सेवा समिति
वैभव चतुर्वेदी की फोटो- फोटो : KHALILABAD