फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

जिले के 556 परिषदीय विद्यालय हैं असुरक्षित, नहीं है बाउंड्रीवाल

विज्ञापन
विज्ञापन
जिले के 556 परिषदीय विद्यालय हैं असुरक्षित, नहीं है बाउंड्रीवाल
विज्ञापन

- कायाकल्प योजना में प्रधानों ने भी नहीं दिखाई रूचि
- शासन स्तर से भी बाउंड्रीवाल के लिए नहीं मिला धन
संवाद न्यूज एजेंसी
संतकबीरनगर। जिले के 556 परिषदीय स्कूलों में बाउंड्रीवाल नहीं है। विद्यालय चारों तरफ से खुला हुआ है। कभी मवेशी तो कभी शरारती तत्व विद्यालय में पहुंच जाते हैं। इससे शिक्षकों में भय बना रहता है। इस समय बच्चे घरों पर हैं, पर शिक्षक चितिंत हैं। धन न मिलने के कारण यह समस्या दूर नहीं हो पा रही है।
जिले में 1217 प्राथमिक और उच्च प्राथमिक विद्यालय हैं। इसमेें से 250 का संविलियन हो चुका है। विद्यालयों में कायाकल्प योजना के तहत ग्राम पंचायत कार्य करा रही है। उसके तहत विद्यालयों की रंगाई पुताई, टायल्स, किचन शेड, परिसर का सौंदर्यीकरण समेत अन्य कार्य हुए हैं। इसके लिए बावजूद बाउंड्रीवाल का निर्माण कराने में ग्राम पंचायतें रुचि नहीं दिखा रही हैं। इधर बेसिक शिक्षा विभाग ने भी बांउड्रीवाल के निर्माण के लिए विभाग को पत्र लिखकर धन की डिमांड की थी, पर शासन स्तर से विभाग को इसके लिए कोई स्वीकृति नहीं मिली। जिले के 556 विद्यालय में बाउंड्रीवाल न होने से चारों तरफ से खुले हैं। इससे अराजक तत्वों के साथ-साथ छुट्टा पशुओं और अन्य जानवरों के परिसर में पहुंचने की आशंका बनी रहती है। जूनियर हाईस्कूल खलीलाबाद में जमीन विवाद के चलते बाउंड्रीवाल का निर्माण नहीं हो पा रहा है। इसके साथ ही संविलियन विद्यालय पटखौली में धन न होने के चलते बाउंड्रीवाल नहीं बन पा रहा है। इसी तरह से अन्य विद्यालयों में भी बाउंड्रीवाल न होने से समस्या बनी हुई है।
विज्ञापन
विज्ञापन

00000000000000000000
विद्यालयों में बाउंड्रीवाल न होने की ब्लॉकवार रिपोर्ट
ब्लॉक विद्यालय बाउंड्रीवाल नहीं है
बघौली 116 68
46
हैंसर बाजार 148 43
खलीलाबाद 181 52
मेंहदावल 116 38
नाथनगर 201 106
पौली 89 24
सांथा 113 60
सेमरियावां 141 64
बाउंड्रीवाल के लिए शासन से बजट नहीं आया है। कायाकल्प योजना के तहत बाउंड्रीवाल का निर्माण नहीं हो पाया है। बाउंड्रीवाल निर्माण के लिए शासन में पत्राचार किया जा रहा है। जैसे ही धन का आवंटन होगा, उसके विद्यालयों पर भेज कर बाउंड्रीवाल का निर्माण शुरू करा दिया जाएगा।
गिरीश कुमार सिंह, बीएसए
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें