सेमरियावां। बारिश और मंडियों में आम की आवक कम होने से बाजार में आम के दाम बढ़ गए हैं। कुछ दिन पहले तक जो आम 40 से 60 रुपये किलो बिक रहा था, वही अब गुणवत्ता के अनुसार 70 से 120 रुपये किलो तक पहुंच गया है। इससे आम के शौकीनों की संख्या प्रभावित हुई है।
सेमरियावां बाजार, उसराशहीद चौराहे, दानोकुइयां, बाघनगर बाजार, दुधारा, सालेहपुर, चिउटना, करही, नव्वागांव आदि चौराहों व बाजारों में फलों की दुकानें सजी हैं। मोहम्मद हद्दीस, मारूफ अहमद, जुगानी, शाबान, राहुल आदि फल विक्रेताओं का कहना है कि बारिश के कारण बागों से समय पर तुड़ाई नहीं हो पा रही है। कई जगह फलों को नुकसान भी पहुंचा है, जिससे मंडियों में आवक कम हो गई है। कम आपूर्ति के कारण थोक और फुटकर दोनों बाजारों में दाम बढ़ गए हैं। बाजार में दशहरी, लंगड़ा, चौसा और सफेदा जैसी किस्मों के आम की अच्छी मांग है।
स्वाद और गुणवत्ता के आधार पर इनके दाम अलग-अलग हैं। हालांकि कीमत बढ़ने के बावजूद आम खरीदने वालों की भीड़ कम नहीं हुई है, लेकिन अधिकांश लोग पहले की तुलना में कम मात्रा में खरीदारी कर रहे हैं। बारिश के चलते मंडियों में आम की आवक घट गई है। थोक में महंगा मिलने के कारण खुदरा कीमतें भी बढ़ानी पड़ी हैं।
व्यापारियों का मानना है कि मौसम सामान्य होने और मंडियों में आम की आवक बढ़ने पर आने वाले दिनों में कीमतों में कुछ कमी आ सकती है। फिलहाल बढ़े दामों ने आम का स्वाद लोगों के लिए थोड़ा महंगा जरूर कर दिया है।
ग्राहक जावेद अहमद, इक़्तेदार अहमद, राम कुमार, विकास कुमार, मो. अकरम, मो. आजम आदि ने कहा कि इस समय आम के दाम काफी बढ़ गए हैं। पहले जितनी मात्रा में आम खरीद लेते थे, अब उतना खरीदना मुश्किल हो गया है। यदि आवक बढ़ेगी तो कीमतों में भी राहत मिलने की उम्मीद है।