अधीक्षण अभियंता कार्यालय पर प्रदर्शन करते बिजली कर्मी- स्रोत बिजली निगम
संतकबीरनगर। विद्युत निगमों के निजीकरण और उत्पीड़नात्मक कार्रवाई के विरोध में मंगलवार को बिजली कर्मियों ने अधीक्षण अभियंता कार्यालय पर धरना दिया। इस दौरान बिजली कर्मियों ने निजीकरण का फैसला वापस लेने की मांग की।
विद्युत कर्मचारी संयुक्त संघर्ष समिति के पदाधिकारी इंजीनियर अनंत कुमार ने कहा कि सेंट्रल ट्रेड यूनियनों के प्रदेश के पदाधिकारियों और उप्र के किसान संगठनों के पदाधिकारियों की विद्युत कर्मचारी संयुक्त संघर्ष समिति के साथ शीघ्र ही संयुक्त बैठक होगी। जिसमें आगे के आंदोलन की रणनीति तय की जाएगी। उन्होंने कहा कि पूर्वांचल विद्युत वितरण निगम और दक्षिणांचल विद्युत वितरण निगम के निजीकरण के विरोध में एक वर्ष से अधिक समय से लगातार संघर्षरत बिजली कर्मचारियों का धैर्य अब जवाब देने लगा है। संघर्ष समिति के पदाधिकारी दुर्गा प्रसाद ने कहा कि निजीकरण करने के लिए बड़े पैमाने पर बिजली कर्मियों का उत्पीड़न किया जा रहा है। जबरदस्ती प्रीपेड स्मार्ट मीटर लगाने का भी कार्य हो रहा है। ऐसे में अब आंदोलन को तेज करने की जरूरत है।
धरना में इंजीनियर मुकेश गुप्ता, सुनील प्रजापति, सूरज प्रजापति, नारायण चंद्र चौरसिया, दिलीप सिंह , रंजन कुमार, आशीष कुमार, पुष्पेन्द्र भारती, अशोक कुमार, राजकुमार आदि मौजूद रहे।