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मुठभेड़ में पकड़े गए असलहा सप्लायर गैंग के छह सदस्य

Wed, 18 Jul 2018 11:53 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो
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पकड़े गए हथियार तस्कर। - फोटो : Amar Ujala
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संतकबीरनगर। पुलिस मुठभेड़ में इंडस्ट्रियल एरिया के गोयल चौराहे के पास से अवैध असलहा सप्लायर गैंग के छह सदस्य पकड़े गए। उनके पास से छह अवैध असलहे, कारतूस, आठ मोबाइल और कार बरामद हुए। पूछताछ में आरोपियों ने गोरखपुर, बस्ती और लखनऊ में अवैध असलहे की बिक्री की बात स्वीकार की।

 

एसपी शैलेश कुमार पांडेय ने बताया कि स्वाट टीम प्रभारी प्रदीप सिंह और कोतवाल सुधीर सिंह की संयुक्त टीम ने सूचना के आधार पर इंडस्ट्रियल एरिया के गोयल चौराहे के पास मौजूद अवैध असलहा सप्लायर गैंग को पकड़ने की कोशिश की। इस दौरान पुलिस की बदमाशों से मुठभेड़ हो गई।

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पुलिस ने खुद का बचाव करते हुए घेराबंदी कर छह सदस्यों को गिरफ्तार कर लिया। उनके पास से दो पिस्टल 32 बोर, तीन तमंचे 315 बोर, एक तमंचा 12 बोर ,पांच कारतूस 32 बोर, तीन कारतूस 315 बोर एक खोखा 12 बोर और आठ सेट मोबाइल बरामद किए गए।
 

बदमाशों की पहचान अतुल पांडेय पुत्र जयकिशुन पांडेय निवासी लहरी महुली, पृथ्वीनाथ चतुर्वेदी पुत्र देव प्रकाश चतुर्वेदी निवासी वार्ड नंबर दस हरिहरपुर महुली, वीरेंद्र उर्फ छोटू यादव पुत्र सर्वजीत यादव निवासी वार्ड नंबर पांच हरिहरपुर महुली, पवन कुमार द्विवेदी पुत्र स्वर्गीय परशुराम द्विवेदी निवासी कुशहवा बाजार, अस्थाई निवास गोमती नगर लखनऊ और विशाल उपाध्याय पुत्र विष्णु उपाध्याय निवासी गोला बाजार कोतवाली खलीलाबाद के रूप में हुई।

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पकड़े गए बदमाशों में विशाल उपाध्याय कोतवाली का हिस्ट्रीशीटर है। जबकि पवन कुमार द्विवेदी प्रापर्टी डीलर है। पूछताछ में पकड़े गए बदमाशों ने बताया कि सभी आपस में दोस्त है।
 

अवैध असलहे साथी अतुल पांडेय से मंगाते थे और इसे ले जा र आसपास के जिलों के अलावा लखनऊ में मंहगे दामों पर बेचते थे। अवैध असलहों की खरीद और फरोख्त का धंधा विशाल उपाध्याय की प्रेरणा से करते थे। पकड़े गए बदमाश विशाल उपाध्याय का पुराना अपराधिक रिकार्ड भी है।

पूछताछ में बदमाशों ने अहम जानकारियां दी है। जिस पर पुलिस टीम काम कर रही है। पकड़े गए बदमाशों पर हत्या के प्रयास और आर्म्स एक्ट के तहत केस दर्ज करते हुए जेल भेज दिया गया। पुलिस टीम को 5000 रुपये का इनाम घोषित किया गया। एसपी शैलेश कुमार पांडेय और एएसपी असित श्रीवास्तव ने भी पुलिस टीम की हौसलाअफजाई की।

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