कॉलेजों के 34 शिक्षकों के खंगाले जाएंगे रिकॉर्ड
जिले में एक राजकीय इंटर कॉलेज और 13 राजकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय हैं
प्रमाण पत्रों की जांच के बाद मानव संपदा पोर्टल पर फीड होगा डाटा
पुनीत कुमार मिश्र
संतकबीरनगर। बेसिक शिक्षकों के प्रमाण पत्रों की जांच के क्रम में अब राजकीय इंटर कॉलेजों के शिक्षकों के प्रमाण पत्रों की जांच होगी। इसके लिए अपर शिक्षा निदेशक राजकीय ने राजकीय विद्यालयों में तैनात शिक्षकों के प्रमाण पत्रों की जांच पूरी कर रिपोर्ट तलब की है। जिले में एक राजकीय इंटर कॉलेज और 13 राजकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय है। यह जांच मंडल मुख्यालय के डीएम की अध्यक्षता में गठित समिति के जिम्मे होगा।
बेसिक शिक्षा परिषद में फर्जी शिक्षकों की धड़पकड़ के लिए प्रमाण पत्रों की जांच चल रही है जिसमें कई शिक्षकों के प्रमाण पत्र फर्जी पाए जा रहे हैं और उन पर केस दर्ज कराया जा रहा है। इसके मद्देनजर अपर शिक्षा निदेशक राजकीय डॉ. अंजना गोयल ने समस्त जेडी और डीआईओएस को पत्र जारी कर निर्देश दिया है कि राजकीय इंटर कॉलेजों में तैनात शिक्षकों के प्रमाण पत्रों की जांच कराई जाए। इसके साथ ही उनका मानव संपदा पोर्टल पर रिकॉर्ड दर्ज कराया जाए और शिक्षकों के पैन कार्ड को भी चेक कराया जाए। यही नहीं, कोषागार से होने वाले भुगतान का विवरण भी चेक कराया जाए जिससे फर्जीवाड़ा की आशंका हो तो पकड़ में आ सके।
उन्होंने कहा है कि यह समस्त जांच कार्य प्रत्येक मंडल मुख्यालय के डीएम द्वारा नामित प्रशासनिक अधिकारी की अध्यक्षता में होंगे। इसके साथ ही जांच समिति में संयुक्त शिक्षा निदेशक सदस्य सचिव, डीआईओएस सदस्य और राजकीय इंटर कॉलेज के प्रधानाचार्य सदस्य के रूप में शामिल होंगे। उन्होंने शिक्षकों के प्रमाण पत्रों का सत्यापन कराकर उसकी पूरी रिपोर्ट जल्द से जल्द भेजे जाने का निर्देश दिया है।
जांच कराई जा रही है : डीआईओएस
डीआईओएस गिरीश कुमार सिंह ने बताया कि जिले में एक राजकीय कन्या इंटर कॉलेज और 13 राजकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय है। इनमें 34 शिक्षक कार्यरत हैं। इन सभी शिक्षकों के प्रमाण पत्रों की जांच कराई जा रही है। इसके साथ ही मानव संपदा पोर्टल पर भी रिकॉर्ड दर्ज कराया जाएगा।