तीन दिन में 1200 लोगों उपचार
अमर उजाला के गांव में बुखार की समस्या को प्रमुखता से उठाने पर स्वास्थ्य विभाग की टीम कैंप लगाकर लोगों का उपचार कर रही है। साथ ही मलेरिया, टायफाइड, डेंगू, हिमोग्लोबिन आदि की जांच के लिए सैंपल भी ले रही है। मंगलवार को स्वास्थ्य विभाग की टीम ने कैंप लगाकर करीब 500 मरीजों का स्वास्थ्य परीक्षण किया।
मरीज की टाइफाइड, मलेरिया, डेंगू, पीलिया, हिमोग्लोबिन सहित जांच के लिए सैंपल भी लिए गए हैं। वहीं इससे पहले सोमवार को शिविर में 435 मरीजाें, शनिवार को 204 मरीजाें का उपचार किया। शिविर में जुनावई सीएचसी प्रभारी डॉ. नरेश यादव, डॉ. रोहित यादव, डॉ. चंद्रकेश, लैब असिस्टेंट किशनपाल, सीएचयू आकाश कुमार, सीएचयू मीनाक्षी सहित आदि लोग मौजूद रहे।
प्लेटलेट्स कम मिलने पर सीएचसी में कराया भर्ती
गढ़ी बिचौला गांव में स्वास्थ्य शिविर के दौरान तीन लोगों की प्लेटलेट्स कम आने पर सीएचसी प्रभारी डॉक्टर नरेश यादव ने उन्हें जुनावई सीएचसी में एडमिट कर उपचार शुरू कराया है।
कैंप के बावजूद झोलाछाप से करवा रहे उपचार
गांव गढ़ी बिचौला में तीन दिन से स्वास्थ्य विभाग की टीम शिविर लगाए हुए है। गांव में घर घर में बुखार रोगी हैं। लोग स्थानीय झोलाछाप से उपचार कर रहे हैं। उपचार के दौरान झोलाछाप मरीजाें को घर पर ही पेड़, टीनशेड में टांग कर ड्रिप लगा रहे हैं।
गांव में लगातार स्वास्थ्य विभाग की टीम शिविर लगा रही है। शिविर में मरीजों की जांच कराकर उपचारित कराया जा रहा है। गंभीर मिल रहे मरीजों को सीएचसी में भर्ती कराकर इलाज किया जा रहा है। बुखार तेज होने के कारण ही गांव में मौत हुई है। - डॉ. मनोज चौधरी, जिला सर्विलांस अधिकारी संभल