चंदौसी। कोतवाली क्षेत्र के गांव ईशमपुर डांडा में 17 जनवरी को मिले दिव्यांग युवक के कंकाल की घटना का पुलिस ने खुुलासा कर दिया है। एसपी चक्रेश मिश्रा ने बताया कि संपत्ति कब्जाने के लिए भाई-भाभी ने सुपारी देकर गांव के ही तीन युवकों से पुष्पेंद्र की हत्या कराई थी। पुलिस ने मृतक की भाभी व एक युवक को गिरफ्तार कर लिया है। दो आरोपी अभी फरार हैं। साजिशकर्ता मृतक के भाई अरविंद की बीमारी के चलते मौत हो चुकी है।
बहजोई पुलिस मुख्यालय पर एसपी चक्रेश मिश्रा ने बताया कि कोतवाली गुन्नौर क्षेत्र के गांव ईशमपुर डांडा में 17 जनवरी को एक दिव्यांग का कंकाल मिला था। मृतक के चाचा ने कपड़े व जूतों के आधार पर उसकी शिनाख्त पुष्पेंद्र के रूप में थी। मृतक की भाभी सोमवती ने पुलिस को दी तहरीर में गांव के ही चार लोगों पर हत्या का आरोप लगाया था। जांच में पता चला पुष्पेंद्र की हत्या उसके भाई अरविंद और भाभी सोमवती ने गांव के ही तीन युवकों से कराई थी। इस मामले में आरोपी गांव निवासी नीरज उर्फ अमित को हिरासत में लेकर पूछताछ की।
उसने हत्या की बात स्वीकार कर ली। पुलिस ने साजिशकर्ता मृतक की भाभी सोमवती को भी गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी नीरज ने बताया कि 20 अक्टूबर को उसने गांव के ही तरुण और माधव के साथ के मिलकर खेत में रस्सी से गला घोंटकर हत्या कर दी थी और शव वहीं जंगल में फेंक दिया था। इसके वह नोएडा चला गया है। पुलिस को दोनों फरार आरोपियों की तलाश है। आरोपी की निशानदेही पर घटना में प्रयुक्त रस्सी और बाइक भी बरामद कर ली है। टीम में प्रभारी निरीक्षक संजीव कुमार, एसआई राजेश कुमार पांडेय, कांस्टेबल दीपक कुमार, ओमकार सिंह, राजीव, आसमीन रहे।
एक बीघा जमीन के बदले की आरोपियों ने हत्या
एसपी चक्रेश मिश्रा ने बताया कि मृतक के भाई अरविंद और भाभी सोमवती ने तरुण को सुपारी दी थी। सुपारी में हत्या के बदले एक बीघा जमीन तरुण की पत्नी के नाम एक अक्टूबर 2020 को दर्ज करा दी थी। तरुण ने बाद में अमित को साजिश में शामिल किया था तथा हत्या के बाद आधा बीघा जमीन उसके नाम करने का लालच दिया था।
एक महिला से संबंध के कारण परेशान थे भाई-भाभी
अमित ने पुलिस को बताया कि मृतक पुष्पेंद्र के गांव की एक महिला से संबंध थे। पुष्पेंद्र जमीन से होने वाली आमदनी को महिला और उसके परिवार पर खर्च करता था। इसी से भाई व भाभी परेशान थे। साजिश के तहत पुष्पेंद्र का शव मिलने के बाद सोमवती ने महिला के परिजनों को झूठा फंसाने के लिए उनके खिलाफ हत्या की तहरीर दी थी। पुलिस जांच में मामला खुला गया।
साजिशकर्ता भाई की बीमारी के चलते हो चुकी है मौत
चंदौसी। पुष्पेंद्र की हत्या की साजिश उसके भाई अरविंद व भाभी सोमवती ने रची थी। भाई अरविंद कैंसर पीड़ित था। पुष्पेंद्र के गायब होने के बाद दिसंबर माह के आखिर में अरविंद की बीमारी के चलते मौत हो गई थी।