चंदौसी/जुनावई। गंगा किनारे खादर क्षेत्र में स्थित जुनावई ब्लॉक के गांव रघुपुर पुख्ता में जलभराव की समस्या बनी हुई है। रास्तों पर पानी कीचड़ व गंदा पानी भरा है। ग्रामीणों का कहना है कि मुख्यमंत्री पोर्टल पर शिकायत की गई, लेकिन समस्या का समाधान नहीं हुआ है। ग्राम प्रधान दूसरे गांव है जिस कारण वह द्वेष भाव से विकास कार्य करा रहा है।
जुनावई ब्लॉक क्षेत्र की ग्राम पंचायत मई हुसैनपुर खाम गंगा तट के पास है। इस ग्राम पंचायत में गांव रघुपुर पुख्ता शामिल है। गांव की आबादी करीब 1100 है। पहले गांव व आसपास जंगल में बाढ़ बहुत आती थी। सांकरा घाट पर गंगा पर पुल बना है तो बाढ़ की स्थिति कुछ कम हो गई है। ग्रामीण महेंद्र सिंह, सतीश चंद्र, गोपाल सिंह का कहना है कि गांव में पानी निकासी की कोई व्यवस्था नहीं है। गांव के मुख्य रास्ते तालाब बने हैं, कीचड़ व गंदा पानी हर समय भरा रहता है। ग्राम प्रधान मई हुसैनपुर खाम का है। कई बार मौखिक रूप से शिकायत का चुके हैं। ग्रामीणों का आरोप है कि ग्राम प्रधान अपने गांव में विकास कार्य करा रहा है, पर रघुपुर पुख्ता में कोई कार्य नहीं कराया गया।
नहीं हुई सुनवाई तो छह दिन पूर्व की है सीएम पोर्टल पर शिकायत : गांव रघुपुर पुख्ता निवासी भूरे सिंह ने बताया कि ग्राम प्रधान, सचिव और ब्लाक में अधिकारियों से कई बार शिकायत की, लेकिन कोई समाधान नहीं हुआ है। अब छह दिन पूर्व मैंने सीएम पोर्टल पर शिकायत की है, फिर भी कोई सुनवाई नहीं हुई है।
पंचायत में बने सचिवालय पर ग्रामीण का कब्जा :
ग्राम पंचायत मई हुसैनपुर खाम में मिनी सचिवालय का भवन बना है। हैरानी की बात यह है कि इसका संचालन नहीं हो पाया और उसमें ग्रामीणों का कब्जा है। बेड, चारपाई बिस्तर पड़े हुए हैं। ग्रामीणों का आरोप है कि प्रधान पति की सहमति से कुछ लोगों ने मिनी सचिवालय रक कब्जा कर रखा है।
बोले जिम्मेदार
मुझे ग्राम पंचायत की जिम्मेदारी अभी चार माह पहले मिली है। इस दौरान चुनाव आ गए थे। गांव में पानी निकासी की कार्ययोजना का प्रस्ताव तैयार कराकर कार्य कराया जाएगा।
इंद्रेश कुमार, ग्राम पंचायत सचिव मई हुसैनपुर खाम
सफाई कर्मी की कई बार मौखिक रूप से शिकायत की है, वह गांव नहीं आता है। गांव रघुपुर पुख्ता के लोग काम नहीं करने देते हैं। इस कारण समस्या का सामना करना पड़ता है।
ग्राम प्रधान पति विनोद कुमार, ग्राम पंचायत मई हुसैनपुर
गांव में सफाई व्यवस्था में सुधार के लिए सफाई कर्मी को तीन दिन का समय दिया गया है। साथ ही पानी निकासी की व्यवस्था के लिए ग्रामप्रधान और सचिव से कार्ययोजना तैयार कराई जाएगी। ताकि समस्या का स्थाई समाधान हो सके।
कुलदीप सिंह, एडीओ ब्लाक जुनावई