बजाज शुगर मिल बंदी के विरोध में चल रहा किसानों का धरना और क्रमिक अनशन रविवार को छठे दिन भी जारी रहा। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि मिल नहीं चली तो उसकी डिस्टलरी को भी नहीं चलने दिया जाएगा।
हकीकत नगर चौक स्थित धरनास्थल पर चल रहे किसानों के धरने पर वक्ताओं ने कहा कि बजाज शुगर मिल बंदी की घोषणा से किसानों और कर्मचारियों में भारी रोष है। उन्होंने कहा कि मिल के बंद होने से क्षेत्रीय किसानों के सामने अपना गन्ना सप्लाई करने की समस्या खड़ी हो गई है।
मिल बंद करने से पहले किसानों को सूचित करना चाहिए था। क्षेत्र में बड़े पैमाने पर गन्ना बुवाई होने के बाद मिल बंदी की घोषणा किसानों के साथ धोखा है। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि मिल में पेराई नहीं हुई तो उसकी डिस्टलरी को भी नहीं चलने दिया जाएगा। पथिक सेना के अध्यक्ष मुखिया गुर्जर ने भी किसानों के आंदोलन का समर्थन किया। रविवार को कंवरजीत सिंह, जितेंद्र, विनोद और प्रदीप शर्मा क्रमिक अनशन पर रहे।
इस दौरान राकेश, शिवशरण, करण सिंह, बिजेंद्र, यशपाल, नरेंद्र, विशाल त्यागी, सोमपाल, रामकुमार, सचिन, अनिल, महेश, सुनील, मोहन चौहान, अजित, शिवपाल, नफीस, नसीब, आसाराम आदि रहे।