फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

जनपद के खेतों में खडा 196 करोड़ रुपये का गन्ना

विज्ञापन
विज्ञापन
अभी खेतों में खड़ा गन्ना, मई माह तक खिंचेगा पेराई सत्र
विज्ञापन

सहारनपुर। गागनौली चीनी मिल का गन्ना पेराई सत्र शुक्रवार को समाप्त हो गया है। अन्य पांच चीनी मिलों का पेराई सत्र 25 मई तक चल सकता है। गन्ना विभाग के सर्वे के अनुसार अभी खेतों में करीब 56.50 लाख क्विंटल गन्ना खड़ा है। इसकी कीमत करीब 196 करोड़ रुपये हैं। जिला गन्ना अधिकारी का कहना है कि जब तक खेतों में गन्ना खड़ा हैं, तब तक किसी मिल को पेराई बंद करने की अनुमति नहीं दी जाएगी।
जनपद की शुगर मिलों ने एक से लेकर 12 नवंबर तक पेराई सत्र शुरू कर दिया था। इसके बाद से अब तक चीनी मिलों ने 470.88 लाख क्विंटल गन्ने की पेराई कर 48.50 क्विंटल चीनी का उत्पादन किया है। जनपद में गांगनौली चीनी मिल द्वारा पेराई सत्र समाप्त करने का नोटिस दिए जाने के बाद जिला गन्ना अधिकारी ने सभी मिल प्रबंधकों की बैठक तलब की। जिसमें मिल क्षेत्र में खड़े गन्ने का ब्योरा पेश किया गया। गन्ना विभाग के ब्योरे से इसका मिलान किया गया। इसमें सबसे अधिक गन्ना देवबंद चीनी मिल क्षेत्र में पाया गया। इसके बाद सरसावा, शेरमऊ एवं नानौता शुगर मिल क्षेत्र में पेराई योग्य गन्ना अवशेेष है। सबसे कम गन्ना गागलहेड़ी चीनी मिल क्षेत्र में है।
विज्ञापन

गांगनौली का पेराई सत्र समाप्त
गांगनौली चीनी मिल ने शुक्रवार को पेराई सत्र समाप्त कर दिया है। आठ नवंबर को शुरू हुई इस शुगर मिल ने 103.20 लाख क्विंटल गन्ने की पेराई की है। मिल का औसत चीनी परता 9.85 प्रतिशत रहा। शुगर मिल ने इस पेराई सत्र में 10.16 लाख क्विंटल चीनी का उत्पादन किया।
विज्ञापन

जनपद में अभी 56.50 लाख क्विंटल पेराई योग्य गन्ना खेतों में खड़ा है। पूरा गन्ना सप्लाई होने के बाद ही चीनी मिलों को पेराई सत्र समाप्त करने की अनुमति दी जाएगी। शुक्रवार को गांगनौली चीनी मिल ने पेराई सत्र समाप्त किया है। सर्वे के अनुसार इस मिल क्षेत्र में पेराई योग्य गन्ना अवशेष नहीं है। - कृष्ण मोहन मणि त्रिपाठी, जिला गन्ना अधिकारी
चीनी मिलों के क्षेत्र में खड़ा अवशेष गन्ना
शुगर मिल अवशेष गन्ना
देवबंद 30 लाख क्विंटल
गांगनौली अवशेष नहीं
शेरमऊ 8.00 लाख क्विंटल
गागलहेडी 1.00 लाख क्विंटल
नानौता 8.50 लाख क्विंटल
सरसावा 9.00 लाख क्विंटल
नोट: गन्ना विभाग के 22 अप्रैल के आंकड़ों के अनुसार।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें