नकुड़ (सहारनपुर)। टाबर-मंधौर मार्ग पर महिला सुरेंद्र कौर की मौत के बाद ग्रामीणों का गुस्सा पुलिस के खिलाफ फूटा पड़ा। पोस्टमार्टम के बाद जिस एंबुलेंस में शव को लेकर जा रहे थे, उसे नकुड़ में बस स्टैंड पर रोककर जाम लगा दिया। दोनों तरफ वाहनों का आवागमन बंद हो गया। पता चलने पर कोतवाल अविनाश गौतम मौके पर पहुंचे। भीड़ ने पुलिस को जमकर खरीखोटी सुनाई। यहां तक कहा कि साहब, अवैध खनन पुलिस ही तो करा रही है।
इस मौत के लिए पुलिस भी जिम्मेदार है, जब पुलिस अवैध खनन कराएगी तो किससे न्याय की गुहार लगाएं। भीड़ ने अवैध खनन में शामिल पुलिसकर्मियों पर भी कार्रवाई की मांग की। करीब सवा घंटे जाम रहा। ग्रामीण बड़े अधिकारी को मौके पर बुलाने की जिद पर अडिग रहे। इसके बाद सीओ एसएन वैभव मौके पर पहुंचे और निष्पक्ष जांच का आश्वासन देकर ग्रामीणों को शांत किया। इसके बाद ही जाम खोला गया। जाम के कारण नकुड़-गंगोह-सरसावा मार्ग पर वाहनों की लंबी लाइन लगी रही।
महिला की मौत के बाद जागा तहसील प्रशासन, रास्ते पर खुदवाए गड्ढे इस घटना के बाद आखिरकार तहसील प्रशासन की नींद भी टूट गई। एसडीएम संगीता राघव के नेतृत्व में राजस्व टीम जेसीबी लेकर हरियाणा के गांव पभारी के निकट यमुना नदी घाट पर पहुंची। वहां से यूपी की सीमा में आने वाले रास्तों पर गड्ढे खोदवाने शुरू कर दिए।
एसडीएम ने बताया कि खनन माफिया यमुना नदी से अवैध रेत खनन कर इन्हीं रास्तों से यूपी की सीमा में घुसते हैं और नकुड़ के आसपास के कस्बों व देहात में सप्लाई करते हैं। गड्ढे खुदवाने के अलावा सीमेंट के पिलर भी मंगवाए जा रहे हैं, जिन्हें लगवाकर तारबाड़ करवाई जाएगी।