देवबंद। सांपला मार्ग पर दो दिन पूर्व सड़क हादसे में खेड़ामुगल के संत तिलक दास महाराज गंभीर रूप से घायल हो गए थे। शनिवार को मेरठ के एक अस्पताल में उपचार के दौरान उनकी मौत हो गई। संतों ने उन्हें समाधि अंत्योष्टि दी।
बता दें, कि दो दिन पूर्व संत तिलक दास महाराज (60) एक शादी समारोह में शामिल होने गए थे। वह मोपेड बाइक पर सवार होकर वापस लौट रहे थे। सांपला मार्ग पर पहुंचने पर किसी वाहन ने उनकी मोपेड में टक्कर मार दी। इसमें वह गंभीर रूप से घायल हो गए थे, जिन्हें सरकारी अस्पताल से रेफर कर दिया गया। परिजनों ने उन्हें मेरठ के एक अस्पताल में भर्ती कराया हुआ था। जहां उनकी मौत हो गई।
शनिवार को उनके पार्थिव शरीर को उनके खेत पर संतों द्वारा समाधि में अंत्योष्टि दी गई। संत कृष्ण दास, जुगलदास और मांगेराम भगत ने बताया संत तिलक दास जी सैनपुर स्थित आश्रम के संत योगी दास जी महाराज के परम शिष्य थे, जिनके बहुत अनुयायी हैं।