फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

जेल में बंद कैदी की मौत: परिजनों ने किया रोड जाम, जमकर हंगामा, जानें क्या है पूरा मामला

Tue, 05 Apr 2022 09:26 PM IST
कपिल kapil संवाद न्यूज एजेंसी, सहारनपुर

सार

जेल में बंद एक कैदी की मौत हो गई। इसके बाद परिजनों ने रोड जाम कर हंगामा किया। जानिए आखिर पूरा मामला क्या है।
विज्ञापन
हंगामा करते परिजन। - फोटो : amar ujala
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

सहारनपुर में जिला कारागार में बंद कैदी की बीमारी के चलते मौत हो गई। परिजनों ने मृतक के पुत्रों को पिता के अंतिम संस्कार के लिए पेरोल पर छोड़ने की मांग करते हुए देहरादून रोड पर जाम लगाकर हंगामा किया। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर परिजनों को शांत कराकर जाम खुलवाया। इसके बाद मृतक के पुत्रों को पेरोल पर छोड़ा गया, जिसके बाद परिजन चले गए।

विज्ञापन


थाना फतेहपुर गांव रामखेड़ी निवासी नोरतू (62) पुत्र संता जिला कारागार में बंद था। पुलिस के मुताबिक गांव के ही एक परिवार ने 2011 में लड़की भगाने के आरोप में नोरतू और उसके परिवार के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई थी। इस मामले में पुलिस ने नोरतू, उसकी पत्नी श्यामो, पुत्र राजू व रोशन और भतीजे प्रदीप को जेल भेजा था। इसके बाद यह लोग जमानत पर छूट गए थे। मामला न्यायालय में विचाराधीन था। ढाई वर्ष पूर्व न्यायालय ने सभी आरोपियों का दोषी पाते हुए सजा सुनाई थी। तभी से नोरतू, उसकी पत्नी, दोनों पुत्र और भतीजा जेल में बंद हैं। नोरतू टीबी की बीमारी से पीड़ित था। सोमवार को उसकी हालत बिगड़ गई थी। जेल प्रशासन ने जिला अस्पताल में भर्ती कराया था। हालत गंभीर होने पर चिकित्सक ने हायर सेंटर रेफर किया गया था। 

सोमवार को ही मेरठ के एक अस्पताल में नोरतू की मौत हो गई। पुलिस ने मंगलवार को शव का पोस्टमार्टम कराकर परिजनों के सुपुर्द कर दिया। परिवार की सदस्य प्रियंका, ग्रामीण शीशपाल, विरेंद्र राजेश ने बताया कि नोरतू के अंतिम संस्कार के लिए उसके पुत्र रोशन व राजू को पेरोल पर छोड़ने को प्रार्थना पत्र दिया गया था, जो मंजूर हो गया, लेकिन मंगलवार की देर शाम तक दोनों को जिला कारागार से नहीं छोड़ा गया। वह दोपहर से कारागार के बाहर इंतजार करते रहे। इसी से गुस्साए परिजनों और ग्रामीणों ने देहरादून रोड स्थित जेल चुंगी चौक पर जिला कारागार के सामने सड़क पर शव रख कर मंगलवार देर शाम जाम लगा दिया।
विज्ञापन


यह भी पढ़ें: याकूब पर बड़ी कार्रवाई की तैयारी: पूर्व मंत्री को 24 घंटे में भेजना था नोटिस का जवाब, फैक्टरी से पकड़ा गया था पांच करोड़ का मीट

विज्ञापन

वहीं पता लगते ही थाना जनकपुरी इंस्पेक्टर अविनाश गौतम फोर्स के साथ मौके पर पहुंच गए, जिन्होंने गुस्साए लोगों को शांत कराकर जाम खुलवाया। इसके साथ ही पेरोल की प्रक्रिया पूरी की गई। देर रात नोरतू के पुत्रों को पेरोल पर छोड़ दिया गया। एसपी सिटी राजेश कुमार ने बताया कि पेरोल पर छोड़ने में देरी होने पर परिजनों ने जाम लगाया था। पुलिस ने मामला शांत करा दिया है। 

यह भी पढ़ें: योगी के गर्मी वाले बयान का असर: शामली में चला बुलडोजर... सपा नेता के चाचा के कब्जे से मुक्त कराई सरकारी भूमि, तस्वीरें

जाम लगने से लोग हुए परेशान 
परिजनों ने जेल चुंगी पर साढ़े सात बजे से आठ बजे तक करीब आधा घंटा जाम लगाया, जिससे देहरादून हाईवे पर वाहनों की कतार लग गई। उत्तराखंड, हरियाणा और पंजाब को जाने वाले लोग में जाम फंस गए। जाम खुलने पर लोगों ने राहत की सांस ली।
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें