सहारनपुर। सहारनपुर ऑब्स्ट्रिक एंड गायनेकोलॉजिकल सोसाइटी की ओर से चलाए जा रहे विशेष जागरूकता सप्ताह का समापन हो गया। इसमें शिशुओं के लिए महिलाओं को स्तनपान के लिए जागरूक किया गया।
सोसाइटी की अध्यक्ष एवं महिला रोग विशेषज्ञ डॉ. नूतन उपाध्याय ने बताया कि कोरोना संक्रमण के कारण इस बार सामूहिक आयोजन करने की बजाय सोशल मीडिया के माध्यम से यह अभियान चलाया गया। इसकी थीम रही- स्तनपान जीवन का आधार। उन्होंने कहा कि शिशु के लिए स्तनपान ही प्राकृतिक और संपूर्ण आहार है। नवजात के लिए कमसे कम छह माह तक स्तनपान जरूरी है। इसके बाद पर्याप्त मात्रा में अनुपूरक आहार के साथ बच्चों को दो साल तक स्तनपान जारी रखना चाहिए। डॉ. नूतन के मुताबिक मां के दूध में बच्चे के लिए जरूरी पौष्टिक तत्व उपलब्ध रहते हैं। मां का दूध ही शिशुओं को श्वास, अतिसार के साथ ही हृदय रोग, ब्लड प्रेशर जैसी अनेक दीर्घकालिक बीमारियों से सुरक्षित रखता है। अभियान के तहत सचिव डॉ. ननिता चंद्रा, डॉ. सीमा अग्रवाल, डॉ. इंदिरा भार्गव, डॉ. अनिता मलिक, डा. ऐश्वर्य शर्मा, डा. ममता चावला सहित अन्य ने भी जागरूक किया।