फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

संदिग्धों पर रहेगी कड़ी नजर, जिले से पकड़े जा चुके हैं आतंकी

विज्ञापन
विज्ञापन
एटीएस कमांडो प्रशिक्षण सेंटर में 12 आइपीएस अधिकारी रहेंगे तैनात
विज्ञापन

एक समय 150 कमांडो को मिलेगा प्रशिक्षण, संदिग्धों पर नजर रखने में मिलेगी मदद
संवाद न्यूज एजेंसी
सहारनपुर। देवबंद में एटीएस कमांडो प्रशिक्षण सेंटर बनने से संदिग्धों पर कड़ी नजर रहेगी। इस सेंटर में 12 आइपीएस अधिकारी तैनात होंगे। यहां एक समय में 150 कमांडो को ट्रेनिंग देंगे। ऐसे में जनपद पुलिस को भी आतंकी गतिविधियां रोकने में मदद मिलेगी।
विज्ञापन

जिले में पहले भी आतंकी घटनाएं हो चुकी हैं। यहां कई आतंकी भी पकड़े जा चुके हैं। कई बार अन्य जनपदों की पुलिस ने यहां आकर कार्रवाई की है। ऐसे में कमांडो ट्रेनिंग सेंटर बनने से संदिग्धों की गतिविधियों पर कड़ी नजर रहेगी। एसएसपी आकाश तोमर का कहना है कि एटीएस कमांडो ट्रेनिंग सेंटर से जनपद पुलिस को काफी मदद मिलेगी।
विज्ञापन

जिले में सामने आई प्रमुख गतिविधियां
-दो वर्ष पूर्व देवबंद से जैश-ए-मोहम्मद के आतंकी शाहनवाज तेली निवासी कुलगाम (जम्मू-कश्मीर) और आकिब अहमद मलिक निवासी पुलवामा की गिरफ्तारी हुई थी।
-दिल्ली पुलिस की स्पेशल टीम ने सहारनपुर रेलवे स्टेशन के बाहर से हिजबुल इंडियन मुजाहिदीन के आतंकी एजाज शेख को दबोचा था।
-2010 में पाकिस्तानी जासूस शाहिद उर्फ इकबाल भट्टी को पटियाला पुलिस ने हकीकतनगर से गिरफ्तार किया। वह देवराज सहगल के नाम से यहां रहा रहा था।
-1994 में तीन ब्रिटिश नागरिकों को बंधक बनाकर आतंकियों ने खाताखेड़ी रखा था। इन्हें छुड़ाने के लिए हुई मुठभेड़ में इंस्पेक्टर ध्रुवलाल शहीद हो गए थे।
-1991 में लक्ष्मी सिनेमा में बम फटा था, जिसमें करीब दस लोग मारे गए थे। उस समय घटना में आतंकियों का हाथ बताया था।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें