अखिल भारतीय हिंदू महासभा के कार्यकारी प्रदेश अध्यक्ष द्वारा पैगंबर हजरत मोहम्मद साहब पर की गई कथित टिप्पणी के विरोध में शुक्रवार को जुमे की नमाज के बाद मुस्लिम समाज के लोगों ने छुटमलपुर और बेहट में पुतले फूंक कर विरोध जताया।
रामपुर मनिहारान में मुस्लिमों ने एसडीएम को ज्ञापन सौंप कर हिंदू महासभा पर प्रतिबंध लगाने की मांग की ।
छुटमलपुर में मुस्लिम समाज के लोग और तलबा जुमे की नमाज के बाद नारेबाजी करते हुए ज्योति किरण चौक पर पहुंचे। यहां उन्होंने अपने साथ लाए कमलेश तिवारी के पुतले को आग के हवाले कर दिया।
यहां वक्ताओं ने कहा कि पैगंबर साहब की शान में गुस्ताखी किसी भी सूरत में बरदाश्त नहीं होगी। ऐसे लोगों को फांसी पर लटकाने का कानून बनाया जाए। प्रदर्शनकारियों में फिरोज खान, जीशान, मौलाना सरवर, शहजाद अली, हाफिज रिजवान, नईम अहमद, वकार अहमद, अताउर्रहमान, हारुन अली, शाकिर अली, रईस अहमद, नवैद, जावेद सलीम, कारी सूफियान, कारी अजमल आदि शामिल रहे।
बेहट में युवा जागृति मंच के कार्यकर्ताओं द्वारा विरोध प्रदर्शन कर तिवारी का पुतला फूंका गया। विरोध प्रदर्शन के बाद मंच के कार्यकर्ताओं ने एसडीएम की मार्फत राज्यपाल को ज्ञापन भेजा। प्रदर्शनकारियों में मंच अध्यक्ष अली अमजद पीर, फरीद कुरैशी, नदीम खान, फिरोज खान, तनवेज शाह, इंतजार अहमद, अहसान हनफी, सचिन, मोहम्मद अजमद मलिक आदि रहे।
रामपुर मनिहारान में जमीयत उलेमा ए हिन्द से जुड़े मुस्लिम समाज के लोग तहसील अध्यक्ष मुफ्ती आरिफ के नेतृत्व में जुलूस के साथ तहसील पहुंचे। यहां मुख्यमंत्री को संबोधित ज्ञापन एसडीएम को सौंपा जिसमें कहा गया कि कुछ लोग इस प्रकार की टीका टिप्पणी कर हिंदू-मुस्लिम के बीच खाई बनाने का काम कर रहे हैं।
ज्ञापन में कमलेश तिवारी पर रासुका लगाने की मांग की गई। ज्ञापन देने वालों में सुहैल अहमद, अब्दुल रहमान, मीर हसन, मतलूब, असलम मलिक, नसीम आजाद, नासिर, हुसैन अहमद आदि शामिल रहे।