सहारनपुर। शहर में जिस मार्ग पर देखो वहां अवैध होर्डिंग्स लगे हैं। विद्युत खंभे से लेकर आवासीय और व्यवसायिक भवनों तक को होर्डिंग और बैनर से पाट रखा है। ऐसा नगर निगम की मेहरबानी से हो रहा है। क्योंकि कुल जोन में से पांच जोन के टेंडर का नवीनीकरण तक नहीं हुआ है, लेकिन बगैर किसी रोक टोक के होर्डिंग लगे हुए हैं। इससे निगम को प्रतिमाह लाखों रुपये का नुकसान राजस्व के रूप में पहुंचाया जा रहा है।
दरअसल, नगर निगम ने होर्डिंग आदि लगाकर प्रचार के लिए 17 जोन निर्धारित किए हुए हैं। इनमें भी दो जोन ऑफिसर कॉलोनी से हसनपुर चुंगी और अनुपम स्वीट्स से सक्षम हॉस्पिटल तक का टेंडर मंडलायुक्त के आदेश के क्रम में निरस्त हुआ था। इसके अलावा दो जोन ऐसे हैं, जिनके लिए प्रीमियम और टैक्स अधिक होने के कारण टेंडर ही नहीं आए थे। पांच जोन ऐसे हैं, जिनके टेंडर का समय मार्च माह में पूरा हो चुका है। उनमें से कुछ टेंडर वालों ने कोरोना काल में कारोबार प्रभावित होने का हवाला देकर समय बढ़ाने की मांग की थी। इस पर निगम बोर्ड ने सहमति दी थी, लेकिन उसका कोई लिखित आदेश जारी नहीं हुआ। सवाल यह है कि जिन जोन का टेंडर नहीं हुआ या टेंडर निरस्त हो गए, उन जोन में होर्डिंग कैसे लग रहे हैं और नगर निगम के जिम्मेदार अधिकारियों ने आंख पर पट्टी आखिर क्यों बांध रखी है।
ये है हालत
शहर में होटल क्लार्क से नौ गजा पीर तक टेंडर ही नहीं आया था, क्योंकि प्रीमियम / कर अधिक था। इसी तरह बेहट बस स्टैंड से चौक फव्वारा, धोबी घाट, भगत सिंह चौक तक के लिए भी टेंडर नहीं आया था। चौंकाने वाली बात ये है कि इन दोनों जोन में भी अनेक होर्डिंग लगे हुए हैं। क्या नगर निगम अधिकारियों को यह दिखाई नहीं देते, या फिर जानबूझकर मेहरबानी की जा रही है।
सुप्रीम कोर्ट के आदेश का उल्लंघन
दिसंबर 1997 में सुप्रीम कोर्ट ने स्पष्ट आदेश दिया था कि सड़क किनारे लगे होर्डिंग हटवाए जाएं, क्योंकि यह होर्डिंग यातायात व्यवस्था के लिए खतरा बनते हैं। सिर्फ मार्ग संकेतक बोर्ड अथवा होर्डिंग ही लगाए जा सकते हैं। ऐसा इसलिए भी जरूरी है, क्योंकि होर्डिंग हादसों का भी सबब बन जाते हैं। बावजूद इसके न्यायालय के आदेश का भी पालन नहीं हो रहा है।
अवैध रूप से लगाए गए होर्डिंग्स हटवाने के लिए महीने में दो दिन अभियान चलाया जाता है। जिन दो जोन के टेंडर का समय नहीं बढ़ा है, उनमें लगे अवैध होर्डिंग्स हटवाए जाएंगे। -- दिनेश यादव, उप नगर आयुक्त, नगर निगम
देहरादून रोड़ पर लगे होल्ड़िंग- फोटो : SAHARANPUR