सहारनपुर। आवास एवं विकास परिषद ने नई आवास एवं गृहस्थ योजना-11 लांच की है। इसके तहत तीन हजार एकड़ भूमि पर टाउनशिप विकसित की जाएगी। इसके लिए ऐसी जगह चिह्नित की गई है, जो दिल्ली-यमुनोत्री हाईवे, देहरादून ग्रीन एक्सप्रेसवे व अंबाला चंडीगढ़ बाईपास से जुड़ी रहेगी।
आवास एवं विकास परिषद एक साथ कई योजनाओं पर काम कर रहा है। एक ओर जहां सरसावा क्षेत्र में एयरपोर्ट के आसपास टाउनशिप विकसित करने की प्रक्रिया चल रही है। अब दिल्ली-यमुनोत्री हाईवे तथा देहरादून ग्रीन एक्सप्रेसवे व अंबाला चंडीगढ़ बाईपास को कनेक्ट करती टाउनशिप विकसित की जा रही है। इसके लिए लखनऊ से सात सदस्यों की टीम 17 अप्रैल को सहारनपुर पहुंची थी, जिसने टाउनशिप के लिए जमीन का निरीक्षण करने के बाद विकास की संभावनाओं पर मंथन किया। टीम ने टाउनशिप के लिए अपनी सहमति दे दी है। टाउनशिप के बनने से संबंधित क्षेत्र के गांवों का भी विकास होगा।
900 करोड़ रुपये की आएगी लागत
टाउनशिप के विकास पर आवास एवं विकास परिषद करीब 900 करोड़ रुपये खर्च करेगा। यह पैसा जमीन से ही जनरेट किया जाएगा। दरअसल, आवास एवं विकास परिषद किसानों से लैंड पूलिंग के जरिए जमीन लेगा। इसके बाद आवास एवं विकास परिषद जमीन विकसित करेगा। 50 फीसदी हिस्से में पार्क, सड़क, सामुदायिक केंद्र, व्यावसायिक प्रतिष्ठान बनाए जाएंगे। बाकी 50 फीसदी में से 25 फीसदी हिस्सा बेचने का अधिकार किसानों को होगा, जिससे कि वह अपनी जमीन का पैसा लाभ सहित निकाल सके। बाकी 25 फीसदी हिस्से को आवास एवं विकास परिषद बेचेगा।
अभी तक प्रस्तावित हो चुकी दस कॉलोनी
आवास एवं विकास परिषद सहारनपुर अभी तक दस कॉलोनियों के प्रस्ताव पास करा चुका है। इनमें तीन कॉलोनियां रनिंग में हैं, जिनमें आवास विकास और पुराना आवास विकास पठानपुरा योजना के नाम से हैं। बाकी दिल्ली रोड पर शाकंभरी विहार नाम से योजना चल रही है। सात प्रस्तावित कॉलोनियां आवास एवं गृहस्थ योजना 1, 2 और तीन नाम से चलेंगी। इनके साथ अब आवास एवं गृहस्थ योजना 11 भी जुड़ गई है।
आवास एवं गृहस्थ योजना 11 पर काम चल रहा है। लखनऊ से सात सदस्यीय टीम फाइनल करके लौट चुकी है। यह योजना तीन हजार एकड़ भूमि पर विकसित होगी, जिससे क्षेत्र का विकास होगा।
- सूरजपाल सिंह, अधिशासी अभियंता, आवास एवं विकास परिषद