सहारनपुर। अनलॉक-एक का पहला चरण पूरा होने वाला है। दूसरा चरण शुरू होने से पहले ही जिला प्रशासन ने अधिकतर बाजार-कारोबार को शुरू करने की अनुमति दे दी है। अब सुबह नौ से शाम सात बजे तक बाजार खुल रहे हैं। मगर उसमें बाएं और दांए सिस्टम का रोस्टर लागू है। अमर उजाला टीम ने बाजार और कारोबार की पड़ताल की तो अधिकतर कारोबारियों ने कहा कि रियायतें तो बढ़ी हैं मगर उसके अनुरूप कारोबार नहीं। रोस्टर सिस्टम की दिक्कतों और बाहरी राज्यों से माल नहीं आने के कारण हर तरह का व्यापार अभी गति नहीं पकड़ पा रहा है। उनका यह भी मानना है कि दोनों ओर की दुकानें खुलने से भीड़ नियंत्रित होगी। सोशल डिस्टेंस सहित अन्य सावधानियों के लिए दुकानदारों के साथ पुलिस प्रशासन का सहयोग जरूरी है।
स्टॉक पड़ा है, मगर बिक नहीं पा रहा माल
घंटाघर से कोर्ट रोड की ओर जाने वाली सोफिया मार्केट के इलेक्ट्रानिक्स कारोबारी सुरेश मित्तल बतरते हे कि समय बढ़ने से लोगों को सुविधा हुई है। लेकिन रोस्टर में दो तीन दिन तक प्रतिष्ठान बंद रहने के कारण ग्राहकों को दिक्कत हो रही है। इस समय कूलर, एसी का स्टॉक पड़ा हुआ है। मगर माल बिक नहीं रहा है। इसलिए पूरे सप्ताह दुकान खोलने की अनुमति जरूरी है। गर्मी का सीजन निकलने के बाद हालात और चिंताजनक हो जाएंगे।
साइकिल कारोबारियों में बड़ी बेचैनी
घंटाघर चौक के पास साइकिल कारोबारी विजय ठकराल कहते हैं कि कोराना संक्रमण से बचाव के लिए पाबंदियां तो ठीक हैं। मगर रोस्टर सिस्टम क्षेत्र की लोकेशन और व्यापारियों की परिस्थितियों के अनुरूप होना चाहिए। साइकिल निर्माता कंपनी बंद होने की सूचनाओं के बीच इससे जुड़े कारोबारियों और इससे जुड़े कारीगरों में बेचैनी बढ़ी हैं। मगर लॉकडाउन पूरी तरह खुलने पर ये दिक्कतें भी दूर होने की पूरी उम्मीद हैं।
वन साइड सिस्टम खत्म हो, चाहे रियायती समय घटा दें
नेहरू मार्केट में साड़ी और कपड़ा व्यापारी मनोज कुमार कहते हैं कि हम तो सबसे अधिक रोस्टर से परेशान हैं। प्रशासन चाहे तो रियायत का समय शाम सात की बजाय पांच बजे तक कर दे। लेकिन अलग-अलग साइड वाला रोस्टर पूरी तरह बंद कर दिया जाए ताकि कारोबार सही ढंग से गति पकड़ सके।
बाजार में भीड़ बढ़ी है, मगर दुकानदारी नहीं
श्रीराम चौक मार्केट में रेडीमेड गारमेंट्स कारोबारी हरजीत सिंह कहते हैं कि जितनी बाजार में रौनक और भीड़ दिख रही है, उतनी दुकानदारी नहीं हो रही है। रोस्टर में दोनों ओर की दुकानें खुलनी चाहिए। इससे एक साइड पर ही एकतरफा भीड़ नहीं जुटेगी। सोशल डिस्टेंसिंग भी बना रहेगा। दिल्ली, लुधियाना से माल नहीं आ रहा है। लोकल से ही काम चलाना पड़ रहा है।
बाहर से माल न आने से कारोबार हो रहा प्रभावित
रेडीमेड गारमेंट्स की सेल लगाने वाले अनीस बताते हैं कि अनलॉक-एक में रियायत बढ़ने से कुछ कारोबार तो बढ़ा है। मगर बाहर से माल न आने के कारण करीब 40 फीसदी कारोबार प्रभावित है। बाहरी राज्यों की सीमाएं खुलेंगी तो ही कारोबार गति पकड़ेगा।
इलेक्ट्रोनिक कारोबारी सुरेश मित्तल- फोटो : SAHARANPUR
रेडीमेड कपड़ा विक्रेता हरजीत सिंह- फोटो : SAHARANPUR
साड़ी व कपड़ा विक्रेता मनोज कुमार- फोटो : SAHARANPUR
साईकिल विक्रेता विजय ठकराल- फोटो : SAHARANPUR
नेहरू मार्केट का कपड़ा बाजार- फोटो : SAHARANPUR