सहारनपुर। स्वच्छ भारत मिशन के तीसरे चरण के तहत गांवों को स्वच्छ और सुंदर बनाने के लिए बड़े कूड़ा डलाव घर बनाए जाएंगे। ताकि गांवों की गलियों में कूड़ा न फैले। इसके साथ ही कूड़े को बायो व सीएनजी गैस बनाने को लगाए जाने वाले प्लांट तक पहुंचाए जाने की व्यवस्था की जाएगी।
जिले के 11 विकास खंड क्षेत्रों में 884 ग्राम पंचायतें हैं। वर्तमान में रामपुर मनिहारान और मुजफ्फराबाद क्षेत्र में गोबर व कूड़े से सीएनजी व बायोगैस बनाए जाने के प्लांट लगेंगे। इसको लेकर जगह चिह्नित की जा चुकी है। इसी तरह प्रत्येक विकासखंड स्तर पर एक-एक प्लांट लगेगा। इससे पूर्व अब सभी ग्राम पंचायतों में बड़े कूड़ा डलावघर भी बनाए जाएंगे। ताकि गांवों की गलियों, चौराहों और सड़कों पर कूड़ा न फैले और सफाई कर्मचारी गंदगी को कूड़ा डलावघर तक पहुंचाए। इसको लेकर पंचायत राज विभाग ने सर्वे शुरू कराया है। इसके तहत ग्राम पंचायतों में बड़े कूड़ा डलावघर बनाने को जगह चिह्नित की जा रही है।
लोगों को भी किया जागरूक
कूूड़ा डलावघर बनाने के साथ ही ग्रामीणों को भी जागरूक किया जाएगा। स्वच्छ भारत मिशन से जुुड़ी टीम लोगों को कूड़ाघर या फिर सफाई कर्मचारियों के वाहन में ही कूड़ा डालने की अपील करेंगे। ताकि गलियों में कूड़ा न फैले।
चुनाव के बाद होगा तेज कार्य
कूड़ा डलावघर बनाने को लेकर आदर्श आचार संहिता लगने से पूर्व खाका तैयार किया गया था, लेकिन सरकारी तंत्र के चुनाव में व्यस्त होने की वजह से कार्य की रफ्तार धीमी हुई, लेकिन अब सर्वे के बाद चुनाव संपन्न होते ही कार्य में तेजी लाने की कवायद की जा रही है।
ग्राम पंचायतों को स्वच्छ और सुंदर बनाया जाएगा। ग्रामीण इलाकों की सड़कों, गलियों और चौराहों पर कूड़ा न फैले, इसके लिए प्रत्येक ग्राम पंचायत में बड़ा कूड़ा डलावघर बनेगा, जहां से सफाई कर्मचारी कूड़ा उठाएंगे। -विजय कुमार, मुख्य विकास अधिकारी।