चिलकाना (सहारनपुर)। अमर उजाला के अपराजिता अभियान के अंतर्गत सुल्तानपुर के नव जनोदय इंटर कॉलेज में महिला सुरक्षा एवं स्वास्थ्य विषय पर गोष्ठी का आयोजन किया गया। सीएचसी सरसावा के प्रभारी डॉ. राजेश कुमार ने कहा कि छात्राओं को हर प्रकार से सशक्त होना चाहिए। स्वस्थ शरीर में ही स्वस्थ मन का वास होता है। यदि शरीर स्वस्थ होगा, तो प्रत्येक क्षेत्र में तरक्की की जा सकेगी। आज बेटियां हर क्षेत्र में अग्रणी भूमिका निभा रही हैं और यह तभी संभव है जब वह स्वस्थ है।
कार्यवाहक थाना प्रभारी रविन्द्र सिंह ने कहा कि बालिकाओं को घर से स्कूल आते जाते समय अथवा घर रहते समय किसी भी तरह की कोई समस्या आती है, तो उसे चुप नहीं रहना चाहिए। उसकी सूचना अपने परिवार, स्कूल अथवा पुलिस को देनी चाहिए। चुप रहने से समस्या बढ़ती है। उसका निराकरण तभी होता है, जब समस्या दूसरों को बताई जाती है। बेटियां चुप्पी तोड़ कर सशक्त बनें। महिला कांस्टेबल सोनी यादव ने छात्राओं को महिलाओं के हित में चल रहे 1090, 181, 108, 112 आदि हेल्प लाइन नंबरों के विषय में बताया। जिनके द्वारा छात्राएं कोई भी समस्या आने पर सहायता ले सकती हैं। समाजसेवी बालकृष्ण शर्मा ने कहा कि स्वस्थ तथा सुरक्षित महिला तभी संभव है, जब महिलाएं स्वयं को सशक्त समझे। उन्होंने कहा कि बेटियां शक्ति का रूप है। उसे अपनी शक्ति का ज्ञान होना चाहिए। यदि उन्हें कोई परेशान करता है, तो उसका जवाब उसी तरीके से दिया जाना चाहिए। शिक्षिका नीरू फुटेला ने कहा की छात्राओं को स्वयं ही सशक्त बनना होगा, तभी वह आने वाली समस्याओं को हल कर सकती है।
निडर बनें बालिकाएं
महिला कांस्टेबल सोनी यादव ने छात्राओं को रास्ते में आने वाली समस्याओं के बारे में पूछा तथा उनका निराकरण किया। अपने अंदर के डर को निकालना होगा। किसी भी गलत बात का विरोध करना चाहिए। यदि हम गलत का विरोध नहीं करेंगे तो दूसरे हम हावी हो जाएंगे। अपनी बात को निडरता से रखना का हौसला होना चाहिए।
कोविड से बचाव को वैक्सीन लगवाएं
डॉ. राजेश कुमार ने कहा कि मौसम बदल रहा है। ऐसे मौसम में स्वस्थ रहना बहुत जरूरी है। बाजार की बनी वस्तुओं का कम प्रयोग करें। शुद्ध खाना खाएं, ज्यादा से ज्यादा हरी सब्जी खाएं। उन्होंने छात्राओं से कोविड से बचाव को वैक्सीन हर हाल में लगवाने का आह्वान किया।
मजबूती के साथ विरोध करना सीखें
छात्रा स्वाति पाल ने कहा कि हमारी सुरक्षा हमारे हाथ है। यदि हम किसी गलत कार्य का जोरदार तरीके से विरोध करेंगे, तो किसी की हिम्मत नहीं है कि वह हमारी तरफ आंख उठा कर देख सके। दूसरा आदमी हमें तभी परेशान करेगा, जब हम डरकर रहेंगे। डरकर नहीं मजबूती के साथ विरोध करना सीखें।
स्वास्थ्य पर ध्यान देना जरूरी
छात्रा मिस्बाह ने कहा कि महिलाओं को सशक्त बनने के लिए उनका स्वास्थ्य तथा उनकी सुरक्षा दोनों ही जरूरी हैं। यदि महिला स्वयं बीमार है, तो वह न अपने लिए कुछ कर सकती है, न परिवार के लिए और ने समाज के लिए। इसलिए स्वस्थ होना जितना जरूरी है, उतना ही सुरक्षित रहना भी जरूरी है।
रोजाना पौष्टिक आहार ले
छात्रा लाइबा ने कहा कि समाज में अनेक तरह के लोग रहते हैं। हमें अपने नजरिए से समाज को देखना चाहिए तथा गलत काम का विरोध करना चाहिए। साथ ही पौष्टिक भोजन का प्रयोग कर अपने शरीर को मजबूत बनाया चाहिए।
खुद का भी आकलन करें
छात्रा आसमा ने कहा कि महिलाओं को समाज में होने वाले गलत कार्य का विरोध तो करना चाहिए, लेकिन यह भी देखना चाहिए की हम कितने सही हैं। यदि हम खुद गलत हैं, तो दूसरे के गलत कार्य का विरोध नहीं कर पाएंगे।
स्वाति पाल- फोटो : SAHARANPUR
मिस्बाह- फोटो : SAHARANPUR
समा- फोटो : SAHARANPUR
लायबा- फोटो : SAHARANPUR
कांस्टेबल सोनी यादव- फोटो : SAHARANPUR
डा. राजेश कुमार- फोटो : SAHARANPUR