चिलकाना/सहारनपुर। एटीएस और चिलकाना थाना पुलिस की संयुक्त टीम ने 17 वर्षों से फरार चल रहे 25 हजार के इनामी बांग्लादेशी नागरिक मोहम्मद जाहिद उर्फ डल्लू को गिरफ्तार कर लिया। आरोपी वर्ष 2009 में दर्ज विदेशी अधिनियम के मुकदमे में वांछित था और न्यायालय से गैर-जमानती वारंट जारी होने के बाद से फरार चल रहा था।
सीओ सदर प्रिया यादव ने बताया कि 8 अगस्त 2009 को अभिसूचना इकाई के एसआई इंद्रपाल सिंह की तहरीर पर बांग्लादेशी जाहिद, वली अहमद, कमाल हुसैन, सुलेमान, कबीर तथा अब्दुल कादिर के खिलाफ थाना कुतुबशेर में रिपोर्ट दर्ज की गई थी। इसमें से तीन दोषियों को सजा हो गई थी, जबकि जाहिद जमानत पर छूटने के बाद 2009 से फरार चल रहा था। इन पर बिना वैध दस्तावेजों के भारत में प्रवेश करने का आरोप था।
शनिवार को एटीएस प्रभारी सुधीर कुमार उज्ज्वल और थाना प्रभारी विनोद कुमार की संयुक्त टीम ने आरोपी जाहिद को साईफन पुलिया के पास से गिरफ्तार कर लिया है, मूलरूप से बांग्लादेश के बांदरबन जिले के शाकडला का रहने वाला है। पुलिस ने आरोपी के पास से बांग्लादेशी पहचान पत्र और एक मोबाइल फोन बरामद किया। मोबाइल में आधार कार्ड समेत अन्य संदिग्ध दस्तावेजों की तस्वीरें भी मिली हैं।
पंजाब के डेराबस्सी की मीट फैक्टरी में करता था काम
जांच में आया कि इन 17 साल के दौरान आरोपी पहले अलीगढ़ और इलाहाबाद रहा। अब काफी समय से पंजाब के डेराबस्सी में रहकर मीट फैक्टरी में काम करता था। वह कभी किसी को अपना नाम जाहिद बताता था कभी जाहिद हुसैन। उसके नेपाल और बांग्लादेश में संपर्क होने की भी जानकारी मिली है। पुलिस अब उसके अन्य साथियों और नेटवर्क की तलाश में जुटी है। जाहिद की पत्नी भी नेपाल की रहने वाली है।
लगातार चर्चाओं में है चिलकाना थाना
पिछले कुछ समय से चिलकाना थाना लगातार चर्चाओं में है। 29 मई को चिलकाना थाना क्षेत्र में ही एक लाख का इनामी बदमाश एहसान मुठभेड़ में ढेर किया गया था। इसमें एसएसपी अभिनंदन सिंह और थाना प्रभारी विनोद कुमार बाल-बाल बच गए थे, जबकि सरसावा थाना प्रभारी समेत दो को गोली लग गई थी। जिले में अभी तक सबसे ज्यादा मुठभेड़ थाना प्रभारी विनोद कुमार के नेतृत्व में हुई है। इसमें एहसान समेत एक लाख का अन्य बदमाश भी शामिल हैं।