सहारनपुर में नाबालिग लड़की को बहला-फुसलाकर अपहरण कर दुष्कर्म करने के आरोपी को अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश/विशेष न्यायाधीश पॉक्सो एक्ट (कोर्ट संख्या 14) ललिता गुप्ता ने 10 साल की सजा सुनाई है। साथ ही 65000 रुपये का जुर्माना लगाया है।
सहायक जिला शासकीय अधिवक्ता मेघराज सिंह सैनी ने बताया कि 29 अगस्त 2017 को थाना जनकपुरी क्षेत्र में रहने वाली 13 वर्षीय लड़की महीपुरा स्थित स्कूल में पढ़ने गई थी लेकिन लौटकर नहीं आई। काफी तलाश करने के बाद भी उसका कोई सुराग नहीं मिला। लड़की के पिता ने थाना जनकपुरी में रिपोर्ट दर्ज करवाई।
पुलिस ने लड़की को चंडीगढ़ से बरामद किया। मामले में चिलकाना क्षेत्र के गांव नयाबांस निवासी इरशाद को गिरफ्तार किया गया था। पुलिस ने विवेचना पूरी कर आरोपी के खिलाफ अपहरण, दुष्कर्म और पॉक्सो एक्ट के तहत आरोपपत्र अदालत में पेश किया।
अदालत ने गवाहों तथा साक्ष्यों के आधार पर आरोपी इरशाद को दोषी करार दिया। अदालत ने इरशाद को 10 साल की सजा और 65 हजार रुपये जुर्माना लगाया है। साथ ही जुर्माने की आधी रकम पीड़िता को देने का भी आदेश दिया है।