कहीं शिक्षक सफाई करते मिले तो कहीं लटका मिला ताला
सहारनपुर। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के आदेश पर कक्षा एक से 12वीं तक के सरकारी विद्यालयों को 25 जून से खोलने के निर्देश प्रधान अध्यापकों को दिए गए थे। पहले दिन विद्यालयों के खुलने की पड़ताल करने के लिए अमर उजाला की टीम ने जिलेभर के विद्यालयों का दौरा किया। कहीं शिक्षक झाड़ू हाथ में थामे नजर आए तो कहीं विद्यालयों पर ताला लटका मिला।
जिला विद्यालय निरीक्षक और जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी ने जिलेभर के प्रधानाचार्यों और प्रधान अध्यापकों के साथ बैठक कर 25 जून से विद्यालय खोलने के निर्देश दिए थे। नगर के गांव ज्ञानागढ़ स्थित प्राथमिक विद्यालय में 42 बच्चे पंजीकृत हैं, जिनमें से पहले दिन आठ बच्चे मौजूद मिले। यहां का चार्ज शिक्षा मित्र इरफान अजीम पर है, जो हाथ में फावड़ा लिए विद्यालय परिसर की सफाई करते मिले। गांव चकदेवली में चार की जगह दो शिक्षिकाएं मिलीं। करीब पांच बच्चे मौजूद थे। गांव रसूलपुर स्थित प्राथमिक विद्यालय में दो आंगनबाड़ी मिलीं। उन्होंने बताया कि प्रधान अध्यापक सुबह आकर जा चुके हैं। बेहट बस अड्डे पर स्थित प्राथमिक विद्यालय पटेल मिल में प्रधान अध्यापक शकील और शिक्षिका मजदूर को लगाकर विद्यालय की धुलाई कराते मिले। नुमाइश कैंप स्थित यूआरसी परिसर स्थित विद्यालय में शिक्षक मौजूद थे। बीएसए कार्यालय परिसर स्थित विद्यालय में करीब पांच बच्चे मौजूद थे। शिक्षक भी कम ही पहुंचे। नगर शिक्षा अधिकारी कार्यालय परिसर स्थित विद्यालय में पांच बच्चे कैरम खेलते मिले, जबकि शिक्षिकाएं अलग बैठी हुई थीं।
देहात के विद्यालयों की स्थिति
अंबेहटा स्थित कन्या पूर्व माध्यमिक विद्यालय में सुबह 8.50 बजे ताला लटका मिला। छुटमलपुर के फतेहपुर भादो स्थित पूर्व माध्यमिक विद्यालय में 9.15 बजे अनुदेशक शिवानी सिंह, उपमा और चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी आदित्य सैनी मौजूद मिले। इसी से सटे प्राथमिक विद्यालय में ताला जड़ा मिला। रामपुर मनिहारान स्थित पूर्व माध्यमिक विद्यालय नंबर चार में सुबह 9.30 बजे ताला लटका मिला। कोई शिक्षक नहीं पहुंचा था। प्राथमिक विद्यालय चंदेना कोली नंबर एक सुबह 9.40 बजे तक बंद मिला। बड़गांव स्थित प्राथमिक विद्यालय नंबर एक पर ताला जड़ा मिला। गंगोह स्थित कन्या पूर्व माध्यमिक विद्यालय एवं प्राथमिक विद्यालय नंबर पांच में सफाई कार्य होता मिला। साढ़ौली कदीम के शेखपुरा में स्थित विद्यालय बंद मिला। तिड़फुआ स्थित प्राथमिक विद्यालय पर भी ताला लटका मिला। बिहारीगढ़ स्थित सरकारी अंग्रेजी माध्यम विद्यालय सुबह 10:50 बजे तक बंद मिला। नकुड़ स्थित पूर्व माध्यमिक विद्यालय में केवल चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी मिला। नकुड़ के प्राथमिक विद्यालय नंबर दो में सफाई कार्य होता मिला। सरसावा स्थित विद्यालय पूर्वाह्न 11 बजे तक बंद था। बड़गांव के महेश्वर स्थित प्राथमिक विद्यालय पर ताला लगा मिला। गागहलेड़ी के हरौड़ा में स्थित प्राथमिक विद्यालय भी बंद रहा।
डीआईओएस से मिले शिक्षक नेता
सहारनपुर। विद्यालयों को 25 जून से खोले जाने तथा शिक्षकों की अनिवार्य रूप से उपस्थिति से नाराज शिक्षक संगठनों ने मंगलवार को जिला विद्यालय निरीक्षक डॉक्टर अरुण कुमार दूबे का घेराव किया। उत्तर प्रदेश माध्यमिक शिक्षक संघ के पदाधिकारियों ने नाराजगी जताई। संगठन पदाधिकारियों का कहना था कि 25 जून से कॉलेजों को खोला जाना और शिक्षकों का अनिवार्य रूप से उपस्थित रहना नियमावली में नही है। ऐसे में संगठन से जुड़े शिक्षक एक जुलाई ही से कॉलेजों में जाएंगे। इसके बाद उत्तर प्रदेश माध्यमिक शिक्षक वेलफेयर एसोसिएशन पदाधिकारियों ने जिलाध्यक्ष सीताराम सहगल के नेतृत्व में मुलाकात कर अपनी बात रखी। उनका कहना था कि शिक्षकों की अनिवार्य रूप से उपस्थिति ठीक नहीं है।
माध्यमिक विद्यालयों में शिक्षकों को 30 जून तक विद्यालयों में उपस्थित रहना अनिवार्य नहीं है। क्योंकि 30 जून तक विद्यालयों में साफ-सफाई, शौचालय और पेयजल व्यवस्था दुरुस्त की जानी है, जिसे प्रधानाचार्य भी अपने सफाई कर्मियों के माध्यम से उपस्थित रहकर करा सकता है। ऐसे में प्रधानाचार्य अपने विवेक से शिक्षकों की उपस्थिति सुनिश्चित करें। जरूरी है तो बुलाएं और नहीं जरूरी है तो मत बुलाएं।
- डॉक्टर अरुण कुमार दूबे, डीआईओएस।