सहारनपुर। वह दिन दूर नहीं, जब शहर के सरकारी स्कूलों में स्मार्ट क्लासेज चलेगी। बच्चे अपनी उंगलियां कंप्यूटर के कीपेड पर दौड़ाएंगे। साथ ही स्कूलों में बच्चों के लिए शानदार फर्नीचर, पीने के लिए आरओ का पानी व अन्य बुनियादी सुविधाएं भी उपलब्ध होंगी। नगरायुक्त ने शिक्षा विभाग के अधिकारियों को पत्र लिखकर शहरी क्षेत्र के सरकारी स्कूलों की संख्या और उनके हालात के बारे में जानकारी देने को कहा है।
बेहतर और आधुनिक शिक्षा व्यवस्था स्मार्ट सिटी योजना का अहम हिस्सा है। स्मार्ट सिटी योजना के लिए चिह्नित किए गए क्षेत्र में आने वाले सरकारी स्कूलों को नगर निगम गोद लेगा। जरूरत के हिसाब से स्कूलों में सुविधाएं दी जाएंगी। योजना के तहत सरकारी स्कूलों में कांवेंट स्कूलों की तर्ज पर सुविधाएं दी जाएंगी, जिनमें स्मार्ट क्लासेज की स्थापना, भवनों को दुरुस्त कराना, भवनों की रंगाई पुताई, शौचालय की व्यवस्था, बच्चों के बैठने के लिए फर्नीचर उपलब्ध कराना, कंप्यूटर शिक्षा के लिए कंप्यूटर लैब बनाकर देना, बच्चों के पास अच्छी यूनिफॉर्म, पेयजल के लिए आरओ का पानी तथा स्कूलों की नियमित रूप से साफ सफाई आदि शामिल हैं। चूंकि स्मार्ट सिटी में सहारनपुर का 19 जनवरी 2018 में चयन हो चुका है। अब पीएमसी कार्ययोजना तैयार करने में जुटी है। ऐसे में नगर निगम ने शिक्षा व्यवस्था में सुधार के लिए भी प्रयास शुरू कर दिए हैं। नगरायुक्त की ओर से बेसिक शिक्षा विभाग और माध्यमिक शिक्षा विभाग को पत्र लिखकर सरकारी स्कूलों के बारे में जानकारी मांगी गई है।
स्कूलों को ओडीएफ बनाने के लिए सर्वे
शहरी क्षेत्र के स्कूलों को ओडीएफ बनाने के लिए नगर निगम सर्वे करा रहा है। सर्वे कर रही टीमें स्कूलों में इस बात का पता लगा रही हैं कि किस स्कूल में शौचालय है और किसमें नहीं? साथ ही मौजूदा शौचालयों की स्थिति भी देखी जा रही है, जिससे उनमें सुधार कराया जा सके। इसके अलावा शौचालयों की नियमित रूप से सफाई की व्यवस्था भी करने की तैयारी है।
स्मार्ट सिटी योजना के तहत सरकारी स्कूलों में स्मार्ट क्लासेज बनाई जाएंगी। जब तक बच्चे जमीन पर बैठकर पढ़ाई करेंगे, तब तक शहर के स्मार्ट सिटी होने का कोई मतलब नहीं रह जाता है। ऐसे में स्कूलों में बेहतर फर्नीचर और अन्य बुनियादी सुविधाएं भी बढ़ाई जाएंगी। हमने शिक्षा विभाग के अधिकारियों को पत्र लिखकर स्कूलों की जानकारी मांगी है। योजना पर जल्द ही काम शुरू किया जाएगा।
- ज्ञानेंद्र सिंह, नगरायुक्त।