फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

फेसबुक पर प्यार का प्रपोजल रिजेक्ट होने पर दे दी जान

Wed, 06 Mar 2013 11:27 AM IST
मोदीनगर/अमर उजाला ब्यूरो
विज्ञापन
विज्ञापन
फेसबुक पर मुहब्बत का प्रपोजल रिजेक्ट होने पर बीटेक छात्र ने चुन्नी से फंदा लगाकर अपनी जान दे दी। सुसाइड नोट में उसने दिल का दर्द बयां करते हुए घरवालों से माफी मांगी है। छात्र ने सुसाइड नोट पर प्रेमिका के लिए एक फूल भी छोड़ा है। छात्र दिल्ली सादतपुर का रहने वाला था। पुलिस ने शव पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है।
विज्ञापन


अंकित वर्मा (21) पुत्र संजय वर्मा मूलरूप से बड़ौत (बागपत) के गांव नंगला खां का रहने वाला था और हॉल ही में उसका परिवार दिल्ली के सादतपुर कालोनी के गली नंबर दो के मकान संख्या बी-168 में रहने लगा था। अंकित मेरठ बाईपास स्थित मेरठ इंटरनेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी में बीटेक सेकेंड ईयर का छात्र था और योगेंद्र पार्क कालोनी के एक निजी हॉस्टल में रहता था।

रूम मेट हरिनारायण के मुताबिक कमरे में वह, अंकित और एक अन्य छात्र वैभव रहता था। वैभव दो दिन पहले घर चला गया था। मंगलवार सुबह करीब नौ बजे हॉस्टल के दूसरे कमरे में रहने वाले छात्र प्रवीन को कमरे का दरवाजा अंदर से बंद देख शक हुआ। आवाज देने के बाद भी दरवाजा नहीं खुलने पर वह दूसरे दरवाजे से कमरे में पहुंचा तो देखा अंकित छत के कुंदे से लटका हुआ था। प्रवीन की चीख सुनकर अन्य छात्र वहां पहुंचे और चाकू से चुन्नी काटकर अंकित को नीचे उतारा।
विज्ञापन


सूचना पर पहुंची पुलिस का कहना है कि कमरे से एक सुसाइड नोट मिला है, जिसमें स्टूडेंट ने इकतरफा प्यार का जिक्र कर आत्महत्या करने की बात लिखी है। परिजनों को सूचना कर पुलिस ने पंचनामा भर शव पोस्टमार्टम को भेज दिया है।     

चुन्नी से लगाई फांसी
अंकित ने फंदा किसी लड़की की चुन्नी से तैयार किया था। दबी जुबान में छात्रों का कहना है कि इंस्टीट्यूट में आयोजित फैशन शो के दौरान अंकित के पास किसी छात्रा की चुन्नी आ गई थी, जिसे वह हॉस्टल ले आया था।

शर्ट पर कर रहा था प्रेस
कमरे में बेड पर मेज, प्रेस और एक शर्ट पड़ी मिली है। इससे प्रतीत होता है कि अंकित ने आत्महत्या के लिए मेज का प्रयोग किया था और आत्महत्या करने से पहले वह अपनी शर्ट पर प्रेस कर रहा था।

सुसाइड नोट के ऊपर मिला फूल
कमरे में रजिस्टर के ऊपर सुसाइड नोट और उस पर गुलाब का फूल रखा मिला है। सुसाइड नोट में माता-पिता से सॉरी कहते हुए अंकित ने लिखा कि वह एक लड़की से प्यार करता है, लेकिन लड़की उससे प्यार नहीं करती। इसके चलते उसे शांति नहीं मिल रही है और वह आत्महत्या कर रहा है। सुसाइड नोट पर रखा फूल मेरी प्रेमिका तक पहुंचा देना इससे मेरी आत्मा को शांति मिलेगी। सुसाइड नोट में अंकित ने ये लिखा है कि वह बीटेक नहीं करना चाहता था।

अस्पतालों में भागते रहे स्टूडेंट्स
अंकित के शव को लेकर स्टूडेंट्स अस्पतालों में दौड़ते रहे और डाक्टर मृत घोषित कर एक-दूसरे अस्पताल में ले जाने की बात कहकर टालते रहे, लेकिन किसी ने पुलिस को सूचना देना मुनासिब नहीं समझा। एक घंटा दौड़ने के बाद स्टूडेंट्स लाश को वापस हॉस्टल ले आए।

डिप्रेशन में नहीं रहता इंद्रियों पर कंट्रोल
डिप्रेशन के दौरान इंद्रियों पर कंट्रोल खत्म हो जाता है और सामाजिक बदलाव के चलते इंसान के मन में बुरे ख्याल आने लगते हैं। खासकर युवा इस प्रकार की बीमारी के शिकार होते हैं। अधिक लोगों के साथ समय बिताना ही इस बीमारी का समाधान है। -सचिन शर्मा मनोचिकित्सक मोदीनगर।
विज्ञापन
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें