रविवार की सुबह 10 बजे बच्चे को गोदी में लेकर महिला थाने पहुंची। यहां उसने कस्बा चौकी इंचार्ज अरुण गिरि से मिलकर अपनी पीड़ा सुनाई। कहा कि वह दो बच्चों की मां है। उसका पति एक दुकान पर काम करता है। उनकी गृहस्थी सही चल रही थी, लेकिन एक साल से उथल-पुथल मच गई है।
एक युवती उसके पति से बात करती है। उसने पति को अपने प्रेम जाल में फंसा लिया है। जिसका विरोध करने पर पति उसके साथ मारपीट करता है। आए दिन घर में क्लेश रहता है। उसने युवती और अपने पति को समझाने की काफी कोशिश की, लेकिन बाज नहीं आए।
पीड़िता ने पुलिस से युवती के खिलाफ कार्रवाई और पति को नसीहत दिलाने की मांग की। उधर महिला के थाने में पहुंचने की जानकारी मिलते ही उसके ससुराल वाले सक्रिय हो गए। उसे रिश्तेदारों से फोन कराए। कहा कि इस बार वह पुलिस कार्रवाई न कराए। उसके पति को समझाया जाएगा। नहीं मानने पर परिजन व रिश्तेदार उसके साथ होंगे। पुलिस ने बताया कि महिला आई थी, लेकिन उसने कोई तहरीर नहीं दी।