प्रधानी के चुनाव की मतदाता सूची में भी गड़बड़ी की शिकायत रही। तमाम लोगों नाम वोटर लिस्ट से गायब मिले। ग्रामीणों को बिना वोट डाले वापस लौटना पड़ा। चमरौवा ब्लाक के जौलपुर गांव की लिस्ट में 150 से ज्यादा लोगों ने नाम गायब मिले। गांव के रामप्रसाद का कहना था कि कई साल से उनके परिवार के लोगों वोट डालते आ रहे हैं।
इस बार लिस्ट से उनके और परिवार के लोगों के नाम काट दिए गए। घोसीपुरा के शब्बीर, शुबराती, हनीफ, खिरका के बब्बू के परिवार के लोगों के नाम वोटर लिस्ट से गायब मिले। लोग आईडी लेकर वोट डालने पहुंचे पर उन्हें मायूस होकर लौटना पड़ा। शादी की मडै़या में भी तमाम लोगों के नाम लिस्ट में नहीं थे। उन्हें भी बिना वोट डाले लौटना पड़ा।
रायपुर, हाजीनगर और बकैनिया में भी लिस्ट में नाम न होने पर ग्रामीणों ने विरोध जताया। पुलिसकर्मियों ने ग्रामीणों को मतदान केंद्र से खदेड़ दिया। आगापुर में तमाम लोग अपना वोट नहीं डाल सके। किसी के लिस्ट से नाम गायब मिला तो किसी के पास आईडी नहीं थी। निस्वा, किरा, मतबाली और डोहरिया की लिस्ट में भी गड़बड़ी थी।
इन गांवों की लिस्ट से भी 300 से ज्यादा नाम गायब मिले। सूपा और नवाबनगर के बब्बू, सुनील का कहना था कि लिस्ट तैयार करने में गड़बड़ी की गई। लिहाजा तमाम लोग अपने मत का इस्तेमाल नहीं कर सके।