शाहबाद। एसडीएम और चिकित्सा अधीक्षक की छापेमार कार्रवाई में मंगलवार को बिना रेडियोलॉजिस्ट के ही युवक महिलाओं के अल्ट्रासाउंड करता मिला। इस अल्ट्रासाउंड सेंटर को सील कर दिया गया। इसके अलावा झोलाछाप के दो क्लीनिक भी सील हुए हैं।
मंगलवार शाम एसडीएम हिमांशु उपाध्याय और सीएचसी के अधीक्षक डॉ. मोहित रस्तोगी ने रामपुर बस स्टैंड स्थित लाइफ केयर सेंटर पर छापा मारा। इस दौरान इन अधिकारियों को अल्ट्रासाउंड सेंटर पर एक युवक महिलाओं का अल्ट्रासाउंड करता मिला। अधिकारियों की पूछताछ में युवक ने बताया कि वह डॉक्टर नहीं हैं और लाइफ केयर सेंटर पर रहते हैं। इस पर एसडीएम ने कड़ी नाराजगी जाहिर की। उन्होंने अल्ट्रासाउंड कर रहे युवक की जमकर फटकार लगाई और अल्ट्रासाउंड करने वाले रेडियोलॉजिस्ट डॉक्टर के बारे में पूछताछ की।
इसी बीच युवक अधिकारियों को चकमा देकर मौके से भाग गया। अधिकारियों ने अल्ट्रासाउंड करा रही महिला से भी पूछताछ की और उसका नाम पता नोट किया। अधिकारियों ने बताया कि रोजाना इस सेंटर पर करीब 25-30 अल्ट्रासाउंड हो रहे थे। प्रत्येक मरीज से 500 रुपये का शुल्क लिया जा रहा था। इसके बाद सीएचसी अधीक्षक ने अल्ट्रासाउंड सेंटर सील कर दिया।
वहीं, दूसरी ओर शाहबाद के आंवला रोड स्थित सहारा अस्पताल और उसकी बराबर में स्टार अस्पताल पर नोडल अधिकारी डॉ. केके चहल ने छापा मारा। इस दौरान दोनों अस्पताल संचालक पंजीकरण नहीं दिखा पाए। इसके बाद नोडल अधिकारी और उनकी टीम ने इन दोनों अस्पतालों को सील कर दिया।