रामपुर। 31 अगस्त तक उप्र राज्य कर्मचारियों को मानव संपदा पोर्टल पर चल-अचल संपत्ति का ब्योरा अपलोड करने के शासन के निर्देश थे। शनिवार को अंतिम दिन मानव संपदा पोर्टल पर पंजीकृत 17 विभागों के सात हजार से ज्यादा कर्मियों में से 872 कर्मियों ने संपत्ति का ब्योरा अपलोड कर दिया है। जबकि करीब 6700 कर्मियों ने अंतिम दिन भी ब्योरा नहीं दिया है, जिसके बाद सभी कर्मियों को अगस्त माह का वेतन नहीं मिलेगा। कोषागार विभाग के अधिकारियों ने बताया कि इसके लिए शासन के अगले आदेश का इंतजार करना होगा। सभी विभागों का हर माह करीब सौ करोड़ रुपये वेतन जारी होता है।
यूपी सरकार ने राज्य कर्मियों को अपनी संपत्ति का ब्योरा मानव संपदा पोर्टल पर दर्ज करने के आदेश जारी किए थे। जिसकी अंतिम तिथि 31 जुलाई थी, लेकिन तिथि बढ़ाकर 31 अगस्त की गई थी। प्रमुख सचिव द्वारा जारी निर्देश में राज्य कर्मियों को इसके लिए एक साल का मौका दिया गया था, लेकिन इसके बाद भी राज्य कर्मी संपत्ति का ब्योरा देने से कतरा रहे हैं। शासन की ओर से इस मामले में सख्ती करते हुए 31 अगस्त अंतिम तिथि कर दी गई थी। 31 अगस्त तक सरकारी कर्मचारियों और अधिकारियों के लिए बने मानव संपदा पोर्टल पर अपनी संपत्ति का ब्योरा दर्ज न करने वाले कर्मियों को अगस्त माह का वेतन न देने के निर्देश हैं। रामपुर की बात करें तो जिले में करीब 15 हजार राज्य कर्मचारी हैं। हालांकि मामले में अधिकारियों ने बेसिक शिक्षकों को इस दायरे में रहने की बात कही थी, लेकिन शनिवार को उन्होंने कहा कि इसमें बेसिक शिक्षकों को बाहर रखा है। इसके बाद राज्य कर्मचारियों की संख्या 14 हजार से घटकर 7 हजार के करीब हो गई है। अभी तक 872 कर्मियों ने चल-अचल संपत्ति का ब्योरा अपलोड किया है, जबकि 6700 राज्य कर्मचारियों ने संपत्ति का डाटा अपलोड नहीं किया है। इस आदेश का पालन करते हए कोषागार विभाग ने ऐसे वेतन बिलों को स्वीकार करना बंद कर दिया है, जिन्होंने कर्मियों की संपत्ति का ब्योरा नहीं दिया है। मुख्य कोषाधिकारी रंजीत कुमार के अनुसार संबंधित विभागों की तरफ से हर माह बिल भेजे आते हैं, जिसके बाद कोषागार से उनका वेतन जारी करता है। जिस विभाग के अधिकारी या कर्मचारी ने चल-अचल संपत्ति का ब्योरा अपलोड कर दिया है, उसका प्रमाणपत्र बिल के साथ जाएगा। जिन विभागों के कर्मियों ने चल-अचल संपत्ति का ब्योरा अपलोड किया गया है और वेतन जारी होगा। ब्योरा न देने वाले विभागों को वेतन रोका जाएगा।