टांडा। अनुसूचित जाति का फर्जी प्रमाणपत्र बनवाने के आरोप में पुलिस ने चार लोगों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की है। पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है।
ग्राम रामनगर काशीपुर उत्तराखंड की प्रियंका ने एसपी को पत्र देकर कहा कि रामनगर काशीपुर निवासी सुमित ने अपने को ग्राम सेडू का मझरा, टांडा का निवासी बताते हुए फर्जी तरीके से निवास प्रमाणपत्र बनवाया। आरोप है कि उसने फर्जी मुहर और हस्ताक्षर तैयार कराकर तहसील अधिकारियों को गुमराह किया। कूटरचना के आधार पर अपना अनुसूचित जाति का प्रमाण पत्र भी बना लिया।
शिकायत पांच नवंबर को कोतवाली में की गई, लेकिन पुलिस ने कोई कार्रवाई नहीं की। इसके बाद उन्होंने एसडीएम टांडा और डीएम रामपुर से मामले की शिकायत की। प्रियंका का कहना है कि 13 अक्तूबर को उनके पति विपुल कुमार जब इस मामले की जानकारी लेने टांडा तहसील पहुंचे तो वहां सुमित, राजेश और सुखवंत ने उन्हें तहसील परिसर में ही घेर लिया।
आरोपियों ने गाली-गलौज करते हुए शिकायत वापस लेने का दबाव बनाया और जान से मारने की धमकी दी। एसपी को दी गई तहरीर के आधार पर थाना टांडा पुलिस ने सुमित, राजेश, सुखवंत और हरविंदर के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।