दिसंबर माह में उनको पता चला कि उनके पिता जबलपुर में हैं। इसके बाद फोन पर उन्होंने अपने पिता से बात की। दोनों ने वादा किया था कि जल्द मिलेंगे। इसके बाद जीशान अपने पिता से मिलने के लिए जबलपुर के लिए रवाना हुए।
02 फरवरी को जबलपुर रेलवे स्टेशन पर जब जीशान ट्रेन से उतरे तो उनके पिता वहां पर उनका इंतजार कर रहे थे। दोनों एक-दूसरे के गले लगकर फूट-फूटकर रोए। यामीन मोहम्मद ने अपने बेटे को देखकर कहा अरे मेरा बेटा कितना बड़ा हो गया है।
वहीं जीशान ने कहा कि अब्बू आप तो काफी कमजोर हो गए हो क्योंकि जीशान की आंखों में अपने पिता की 21 साल पहले की छवि थी। इसके बाद पिता-पुत्र ने पिछले 21 सालों की बातों को साझा किया। इसके बाद जीशान वहां से लौट आए। उनका कहना है कि उनके वालिद ने वादा किया है कि वो अपनी बेटियों से मिलने जल्द ही रामपुर आएंगे।