एकता तिराहे से जौहर यूनिवर्सिटी तक जाने वाले फ्लाई ओवर में घटिया निर्माण और बिहार के मजदूरों के मरने की शिकायत की जांच शुरू हो गई है। कुछ लोगों ने कैबिनेट मंत्री आजम खां को पत्र देकर जांच कराने की मांग की थी। आजम खां ने इन शिकायती पत्रों को शासन स्तर पर भेजा था।
इसी के आधार पर बुधवार को शासन के विशेष सचिव के नेतृत्व में हाईलेबिल कमेटी ने जांच की और फ्लाई ओवर पर अपनी कारें भी चलाईं।
एकता तिराहा फ्लाईओवर के निर्माण में क्वालिटी और मानकों की अनदेखी पर मंत्री मो आजम खां ने नाराजगी जाहिर की थी। फरमान नसीर आदि लोगों ने उन्हें पत्र देकर जांच कराने की मांग की थी।
आजम खां ने लोगों के शिकायती पत्रों को अपने पत्र के साथ शासन को भेजा था। शासन ने इन पत्रों पर जांच के लिए लोकनिर्माण विभाग के विशेष सचिव सूर्यपाल गंगवार के नेतृत्व में लोक निर्माण विभाग के मख्य अभियंता वीके सिंह, सिंचाई विभाग के मुख्य अभियंता सीके वर्मा को रामपुर जांच के लिए भेजा। बुधवार को यह कमेटी एकता तिराहे से फ्लाई ओवर के ऊपर चढ़कर जौहर यूनिवर्सिटी के गेट तक जहां फ्लाई ओवर गिरा है, वहां तक गई। कमेटी ने फ्लाईओवर को बना हुआ पाया। केवल एप्रोच रोड नहीं बना है। एप्रोच रोड बन जाए तो फ्लाईओवर शुरू हो सकता है।