रामपुर। कृषि राज्यमंत्री बलदेव सिंह औलख पर परिचितों और रिश्तेदारों को जमीन कब्जा कराने व दूसरे के खेत से रास्ता बनाने के आरोप लगे हैं। इस मामले में बुधवार को एक पक्ष ने डीएम से शिकायत की थी। वहीं, बृहस्पतिवार को दूसरे पक्ष ने डीएम के पास आकर अपनी बात रखी। वहीं, राज्यमंत्री ने आरोपों को निराधार बताया है।
मामला हामिदनगर गांव का है। यहां एक पक्ष के बलवंत सिंह उनके भाई बलविंदर सिंह और सबरजीत सिंह हैं, जबकि दूसरे पक्ष से अमनदीप सिंह, रसपाल सिंह व सलवंत सिंह हैं। अमनदीप सिंह बुधवार को डीएम से मिले थे और इनके बेटे रिक्कू सिंह ने राज्यमंत्री और उनके रिश्तेदारों पर कई आरोप लगाकर एक वीडियो भी सोशल मीडिया पर वायरल कर दिया था। इनका आरोप है कि राज्यमंत्री और उनके रिश्तेदारों ने उनकी दो बीघे जमीन पर कब्जा कर लिया है। मंत्री के रिश्तेदारों ने उनके खेत के पड़ोस में जमीन खरीदी है जिसके लिए रास्ता बना रहे हैं और इस रास्ते पर उनके खेत से मिट्टी खोदकर डाल रहे हैं। रिक्कू सिंह का आरोप यह भी है कि वह घर पर नहीं था और रात में भी इन आरोपियों ने उनके खेत से मिट्टी खोद रहे थे तो मां-पत्नी के विराेध पर इन लोगों ने उनसे बदसलूकी की।
वहीं, दूसरे पक्ष के बलवंत सिंह, बलविंदर सिंह आदि बृहस्पतिवार को डीएम से मिले। इन लोगों ने प्रार्थनापत्र देकर डीएम से कहा है कि उनके खेत पर पड़ोसी किसान अमनदीप सिंह, रसपाल सिंह व सलवंत सिंह ने कब्जा कर रखा है। तहसील प्रशासन ने इनके अवैध कब्जे को बुधवार को हटवाया था। जमीन की नपत भी हुई थी। जिस पर अधिकारियों ने मानचित्र के अनुसार उनकी जमीन का रकबा पूरा करने का प्रयास किया। लेकिन, विपक्षी अमनदीप सिंह आदि ने टीम के साथ अभद्र भाषा का प्रयोग किया। घर की महिलाओं को बुलाकर नपत रुकवा दी थी।
मामले में दोनों पक्षों को उचित कार्रवाई करने का भरोसा दिया गया है। प्रकरण की जांच के बाद कार्रवाई करेंगे।
-जोगिंदर सिंह, डीएम
राज्यमंत्री औलख बोले, संपत्ति के बंटवारे का है मामला
राज्यमंत्री बलदेव सिंह औलख ने आरोपों को निराधार बताया। उन्होंने कहा कि सिख समुदाय के दो पक्षों के बीच विवाद है। इस विवाद को सुलझाने की कोशिश हुई, लेकिन सुलझा नहीं है। आरोप लगाने वाले समाजवादी पार्टी से जुड़े हैं। दोनों पक्षों ने डीएम से शिकायत की है। अब शिकायत की जांच डीएम को करानी है। उनपर जो आरोप लग रहे हैं, वह राजनीतिक हैं।