रामपुर। जिले में एक्सरे टेक्नीशियन अर्पित सिंह ने फर्जी तरीके से नौकरी पाने और करीब 55 लाख रुपये का वेतन अर्जित करने का मामले में लखनऊ में मुकदमा दर्ज हो गया है। जल्द ही लखनऊ की स्पेशल टीम रामपुर पहुंचेगी।
उधर स्वास्थ्य विभाग ने पुलिस को देने के लिए सभी डॉक्यूमेंट तैयार कर लिए हैं। फर्जी दस्तावेज लगाकर नौकरी करने का आरोपी जांच शुरू होते ही गायब हो गया।
अर्पित सिंह की भर्ती वर्ष 2016 में एक्सरे टेक्नीशियन के पद पर हुई थी। उसे पहले बिलासपुर सीएचसी और बाद में 2023 में डीटीओ कार्यालय रामपुर में तैनात किया गया था। अगस्त तक वह टीबी मरीजों के एक्सरे करता रहा, लेकिन भर्ती में धोखाधड़ी का मामला सामने आने के बाद वह फरार हो गया। उसका कमरा भी तब से बंद है।
इस मामले में उसकी नियुक्ति से संबंधित दस्तावेज भी डीजी कार्यालय में भेज दिए गए हैं। उधर, लखनऊ में मुकदमा दर्ज होने के बाद जल्द ही लखनऊ पुलिस की टीम रामपुर आएगी। स्वास्थ्य विभाग ने पुलिस को देने के लिए सभी डॉक्यूमेंट अपने पास एकत्र कर लिए हैं। सीएमओ कार्यालय ने नियुक्ति संबंधी कागजातों को निदेशालय भेज दिया है।