दढ़ियाल (रामपुर)। शुक्रवार सुबह क्षेत्र के ग्राम लोदीपुर नायक के जंगल में तेंदुआ दिखाई देने से हड़कंप मच गया। लोग लाठी-डंडे लेकर जंगल की ओर निकल पड़े और तेंदुआ का पीछा किया लेकिन तेंदुआ नहीं मिला। सूचना पर वन विभाग की टीम मौके पर पहुंच गई। उसने पदचिह्नों के आधार पर तेंदुआ को पकड़ने के लिए जंगल में सर्च अभियान चलाया लेकिन तेंदुआ कहीं नहीं दिखाई दिया जिसके बाद टीम वापस लौट गई।
तेंदुआ की मौजूदगी की खबर से क्षेत्र के कई ग्रामों में दहशत का माहौल है। ग्राम लोदीपुर नायक के दक्षिणी छोर पर गांव के शाकिर अली का धान का खेत है वह शुक्रवार सुबह पंपिंगसेट लेकर फसल में पानी लगाने गए थे। इस दौरान उन्हें गांव के ही मोहम्मद यासीन के गन्ने के खेत में तेंदुआ दिखाई दिया। उन्होंने आसपास के खेतों में काम कर रहे तस्लीम, शाहिद और अहमद हुसैन आदि किसानों को भी तेंदुआ दिखाई देने की बात कही तो उन्होंने भी तेंदुआ देखा। इस दौरान खेत से तेंदुआ को बाहर आते देख किसान गांव की ओर दौड़ पड़े और अन्य लोगों को जंगल में तेंदुआ की मौजूदगी के बारे में बताया। जंगल में तेंदुआ होने की बात सुनकर ग्रामीणों में हड़कंप मच गया और ग्राम प्रधान लियाकत हुसैन, जफर खां, अख्तर अली, मुजफ्फर आदि बड़ी संख्या में ग्रामीण लाठी डंडे लेकर जंगल की ओर निकल पड़े। ग्रामीणों ने काफी दूर तक तेंदुआ का पीछा किया जिसके बाद तेंदुआ सीरका-जटपुरा के बीच नहर पार कर जटपुरा-नरायनपुर के जंगल की ओर निकल गया और ग्रामीणों की नजरों से ओझल हो गया।
सूचना पर वन रेंजर मुजाहिद हुसैन, दरोगा राजकुमार, शील कुमार, वन रक्षक संतोष कुमार, वन कर्मी अजीम खां, छत्रपाल सिंह आदि की टीम मौके पर पहुंची और ग्रामीणों से जानकारी लेकर तेंदुआ की तलाश में सर्च अभियान चलाया। इस दौरान टीम ने पदचिह्नों के आधार पर करीब दो घंटे लोदीपुर नायक और जटपुरा-नरायनपुर के जंगल में खेतों की खाक छानी लेकिन टीम को पदचिह्नों के अलावा कहीं भी तेंदुआ दिखाई नहीं दिया। जिसके बाद टीम वापस लौट आई। वन रेंजर मुजाहिद हुसैन ने बताया कि लोदीपुर नायक और जटपुरा के जंगल में तेंदुआ की मौजूदगी के प्रमाण मिले हैं जिसके बाद जटपुरा के जंगल में पिंजरा लगाए जाने की तैयारी की जा रही है।