रामपुर। अब लगातार तीन दिन विद्यालय नहीं आने वाले बच्चों के घर प्रधानाध्यापक पहुंचेंगे। इसकी जानकारी उनके अभिभावकों को देंगे। परिषदीय विद्यालयों में छात्रों की उपस्थिति को बढ़ाने के लिए नया आदेश लागू हुआ है।
इसके अनुसार प्रधानाध्यापक अभिभावकों को शिक्षा के महत्व को बताएंगे, साथ ही बच्चे को नियमित स्कूल भेजने के लिए प्रेरित करेंगे।
जिले में 1596 परिषदीय स्कूल संचालित हैं। शासन की ओर से बच्चों को स्कूल से जोड़ने के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं। पोर्टल पर बच्चों की उपस्थिति कम मिलने पर शिक्षकों के खिलाफ कार्रवाई भी जा रही है। अगर बच्चे लगातार तीन दिनों तक स्कूल नहीं आए तो विद्यालय के प्रधानाध्यापक बच्चों के घर जाकर जानकारी देंगे। बच्चे के विद्यालय न आने के कारण के बारे में पूछा जाएगा। यदि बच्चा बिना किसी उचित कारण के विद्यालय नहीं आ रहा है तो शिक्षक अभिभावक को समझाएंगे, जिससे बच्चा नियमित रूप से विद्यालय आ सके।
कम उपस्थिति पाए जाने पर प्रधानाध्यापक पर होगी कार्रवाई
रामपुर। जनपद में सबसे कम उपस्थिति वाले विद्यालयों की सूची भी तैयार होगी। इस सूची की प्रत्येक महीने समीक्षा होगी। समीक्षा के बाद जिस स्कूल में बच्चों की उपस्थिति कम पाई जाएगी, उस विद्यालय के प्रधानाध्यापक के खिलाफ विभागीय कार्रवाई की जाएगी। बीएसए ने सभी खंड शिक्षा अधिकारियों को लगातार स्कूलों का निरीक्षण करने के लिए निर्देशित किया है।
विद्यालयों में बच्चों की उपस्थिति बढ़ाने के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं। जिस स्कूल में भी बच्चा तीन दिन से अधिक स्कूल नहीं आ रहा है तो प्रधानाध्यापक उसके घर जाकर अभिभावकों को समझाएंगे ओर बच्चों को स्कूल आने के लिए प्रेरित करेंगे।
- कल्पना देवी, बीएसए