बिलासपुर में घर में आग लगने के बाद बिलखते बच्चे।
किसान के पुत्र ने अपने खेत में खड़ी गेहूं की नरई (डंठल) में आग लगा दी। तेज हवा ने आग को पड़ोस की बस्ती में फैला दिया। इससे तीन लोगों के घर जल गए तथा चार अन्य लोगों समेत करीब चार लाख रुपये से अधिक का नुकसान हो गया। पुलिस ने नरई जलाने के आरोपी किसान के पुत्र को हिरासत में ले लिया है। कोतवाली के ग्राम कोठाजागीर निवासी वहीद ने हरबोला बस्ती के पास एक साहूकार का खेत ठेके पर लिया है। उसने खेत में गेहूं की फसल बोई थी।
ग्रामीणों के मुताबिक, वहीद के पुत्र याकूब ने शुक्रवार की पूर्वाह्न करीब 11 बजे अपने खेत में खड़ी नरई में आग लगा दी। कुछ ही देर में आग ने पड़ोसी खेत स्वामी नरेंद्र सिंह के गेहूं की फसल भी जला दी। इस दौरान आग हरबोला बस्ती में भी पहुंच गई। आग की चपेट में आने से स्वर्गीय चमन, बिहारी लाल, मान सिंह के घर व झोपड़ियां जलने लगीं। ग्राम प्रधान चंद्रवती देवी यादव ने घटना की सूचना तत्काल पुलिस व दमकल विभाग को दी। स्थानीय दमकल कर्मियों ने आग को बुझाने का प्रयास किया, मगर आग काबू में नहीं आई।
बाद में जिला मुख्यालय से पहुंची दमकल की टीम ने आग को बुझाया। पुलिस ने आग जलाने के आरोपी किसान के पुत्र याकूब को हिरासत में ले लिया। ग्रामीणों के मुताबिक, हरबोला जाति के लौकीराम, भोलेराम, कलुआ, धनीराम उर्फ काला, दयाराम, रामपाल, राजू, बांके लाल, अमर सिंह, नरायन सिंह के झप्पर, भूसे के बोगे, युकैलिप्टस के पेड़ जल गए तथा चेतनदास का कुत्ता भी जलकर मर गया।
ड़ितों का कहना है कि वह खेत स्वामी व उसके पुत्र के खिलाफ आग लगाकर करीब चार लाख रुपये का नुकसान करने की रिपोर्ट दर्ज कराएंगे। कोतवाली प्रभारी जीडी जोशी ने बताया कि तहरीर आने पर रिपोर्ट दर्ज कर कार्रवाई की जाएगी।