रामपुर। बिलासपुर कोतवाली में लोकसभा चुनाव 2019 के दौरान सपा के वरिष्ठ नेता आजम खां के खिलाफ दर्ज नफरती भाषण के मामले में बृहस्पतिवार को कोर्ट में सुनवाई हुई। इस दौरान कोर्ट रूम में उनके भाषण की सीडी चलाई गई। साथ ही मुकदमे के वादी एडीओ राम नरेश ने बयान दर्ज कराए। उनके बयान पूरे नहीं हो सके। अब इस मामले की अगली सुनवाई छह अक्तूबर को होगी।बिलासपुर कोतवाली में लोकसभा चुनाव में जनसभा के दौरान सपा के वरिष्ठ नेता आजम खां ने संवैधानिक व प्रशासनिक पदों पर बैठे लोगों के खिलाफ नफरती भाषण दिया था। इस मामले में एडीओ राम नरेश ने बिलासपुर कोतवाली में मामला दर्ज कराया था। इस मामले की सुनवाई एमपी-एमएलए मजिस्ट्रेट ट्रायल कोर्ट में चल रही है। बृहस्पतिवार को कोर्ट रूम में आजम खां के भाषण की सीडी चलाई गई। गवाह ने दिखाई गई सीडी की पुष्टि की। साथ ही गवाह के तौर पर मौजूद एडीओ राम नरेश ने अपने बयान दर्ज कराए। उनके बयान पूरे नहीं हो सके। अब इस मामले की सुनवाई के लिए छह अक्तूबर की तारीख तय की गई है।
एससी-एसटी एक्ट के मामले में अब 27 को सुनवाई
रामपुर। सपा के वरिष्ठ नेता आजम खां पर दर्ज एससी-एसटी एक्ट के एक मामले में बृहस्पतिवार को कोर्ट में सुनवाई नहीं हो सकी। न्यायिक अफसर के अवकाश पर होने की वजह से इस मामले की सुनवाई नहीं हुई। इस मामले की सुनवाई 27 सितंबर को होगी।
2007 में विधानसभा चुनाव के दौरान बसपा नेता धीरज कुमार शील ने सपा नेता आजम खां के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया था, जिसमें उन्होंने सपा नेता पर दलितों के खिलाफ आपत्तिजनक टिप्पणी करने का आरोप लगाया था। इस मामले की सुनवाई एमपी-एमएलए सेशन कोर्ट में चल रही है। एडीजीसी सीमा सिंह राणा ने बताया कि न्यायिक अफसर के अवकाश पर होने के कारण सुनवाई नहीं हो सकी। अब इस मामले की सुनवाई 27 सितंबर को होगी।