सुप्रीम कोर्ट के फैसले पर आजम खां ने कहा कि हम चाहते थे कि अगली जो सुनवाई हो वो रोकी जाए लेकिन, हमारी इस अपील को नहीं माना गया। आजम खां का कहना है कि सुप्रीम कोर्ट ने ये माना है कि हाईकोर्ट ने जो आदेश दिया था वह लोअर कोर्ट के लिए बाइंडिंग नहीं होगा। लोअर कोर्ट मेरिट और डी-मेरिट के आधार पर सुनवाई करेगा।
रामपुर की स्वार विधानसभा सीट से विधायक अब्दुल्ला आजम के दो जन्म प्रमाण पत्र मामले में सोमवार को सुप्रीम कोर्ट के फैसले पर आजम खां ने पत्रकारों के सवालों का जवाब देते हुए कहा कि हमने मैक्सिम और मध्यम रिलीफ मांगा था। मैक्सिम रिलीफ यह कि अब्दुल्ला आजम के दो पैन कार्ड, दो पासपोर्ट और दो जन्म प्रमाण पत्र नहीं हैं। इसके बाद भी हमें न्याय नहीं मिलता तो हम जिम्मेदार नहीं हैं।
विज्ञापन
आजम बोले कि हम चाहते थे कि अगली जो सुनवाई हो वो रोकी जाए लेकिन, हमारी इस अपील को नहीं माना गया। आजम खां का कहना है कि सुप्रीम कोर्ट ने ये माना है कि हाईकोर्ट ने जो आदेश दिया था वह लोअर कोर्ट के लिए बाइंडिंग नहीं होगा। लोअर कोर्ट मेरिट और डी-मेरिट के आधार पर सुनवाई करेगा। इस दौरान आजम खां ने अपने ही अंदाज में ये भी कहा कि आप हमारा नहीं सरकार का पक्ष रखोगे।